गुजरात में हिंसा के लिए चाहे बीजेपी अल्पेश ठाकोर को जितना जिम्मेदार बताए, लेकिन बिहार कांग्रेस उन्हें दोषी नहीं मानती है. बिहार प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष मदन मोहन झा ने मंगलवार को कहा कि इस पूरी घटना में अल्पेश ठाकोर का कुछ लेना देना नही है. उन्होंने कहा कि गुजरात की सरकार को जांच करानी चाहिए और जो भी दोषी है, उसे सजा मिलनी चाहिए. मगर गुजरात की बीजेपी सरकार जांच नहीं करवा रही है.
मदन मोहन झा ने कहा, 'अल्पेश ठाकोर हमारे प्रभारी हैं. अगर अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राहुल गांधी उन्हें प्रभारी रखेंगे और वो बिहार आएंगे तो हम उनका स्वागत करेंगे.' उन्होंने कहा कि घटना के 25 दिन बीत जाने के बाद हम समझते हैं कि यहां की जनता के सामने स्थिति करीब-करीब साफ हो गई हैं. इसमें वो (अल्पेश ठाकोर) कहीं दोषी नहीं हैं.
लेकिन मदन मोहन झा ने ये भी कहा कि हम लोग तो साफ कह रहे हैं, बिहार आने से क्या मतलब है, बिहार भी आ गए तो उसका मतलब है कि वह पाक साफ तो नही हो जाएंगे, अगर दोषी हैं तो निश्चित रूप से उनको सजा मिलना चाहिए.
मदन मोहन झा ने कहा, 'हम लोगों की डिमांड पर वह हमारे प्रभारी हैं. हम समझते हैं वह सूझबूझ वाले आदमी हैं. अगर उनको लगेगा कि नहीं आना चाहिए तो नहीं आएंगे. लेकिन सिर्फ इसलिए नहीं कि कोई हम पर आरोप लगा दे, दिल्ली की सरकार हम पर आरोप लगा दे तो हम भी दिल्ली जाना थोड़ी ना छोड़ देंगे. गुजरात में कोई आरोप लगा दे तो हम गुजरात जाना छोड़ देंगे.
बहरहाल साफ है कि प्रदेश कांग्रेस असमंजस की स्थिति में है. सह प्रभारी होने के नाते बिहार कांग्रेस के नेता उनका स्वागत तो कर रहे हैं, लेकिन साथ में ये भी कह रहे हैं कि उन्हें जांच में पाक साफ भी होना चाहिए. अब अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी और राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी को विचार करना है कि अल्पेश ठाकोर बिहार कांग्रेस के सह प्रभारी रहेंगे या नहीं.