मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आने की मांग करते हुए शहीद जवान प्रेमनाथ सिंह के गांववालों ने शुक्रवार को बिहार के एक मंत्री को करीब दो घंटों तक बंधक बनाए रखा. प्रेमनाथ, उन पांच जवानों में से थे जिनकी हाल में पाकिस्तानी सैनिकों ने जम्मू कश्मीर में LoC पर हत्या कर दी थी.
सारण जिले में मांझी से विधायक गौतम सिंह ने श्रद्धांजलि देने के लिए सिपाही के घर का दौरा किया. उसी दौरान ग्रामीणों ने उन्हें बंधक बना लिया और मुख्यमंत्री के दौरे की मांग करने लगे. गांव के सूत्रों ने बताया कि मंत्री को बंधक बनाए ग्रामीणों ने उन्हें मुख्यमंत्री से बात कराने को कहा. विज्ञान और प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री सिंह को करीब दो घंटे तक बंधक बनाए रखा गया. बाद में बड़े-बुजुर्ग के हस्तक्षेप के बाद ग्रामीणों ने उन्हें जाने दिया.
राष्ट्रीय राजधानी गए सिंह गुरुवार को प्रेमनाथ सिंह के अंतिम संस्कार के वक्त मौजूद नहीं थे. वापस आने पर वह सिपाही के गांव गए तभी यह घटना हुई. बहरहाल, एक अन्य जवान रघुनंदन प्रसाद की मां ने नीतीश कुमार के मंत्री भीम सिंह के ‘अपमानजनक’ बयान पर राज्य सरकार को अनुग्रह राशि लौटाने की घोषणा की है.
सिपाही की मां मीरा देवी ने नौतन गांव में कहा कि मंत्री की टिप्पणी से वह चकित हैं और विरोध स्वरूप 10 लाख रुपये का चेक लौटाने की घोषणा की है.