बिहार के पटना के पीएमसीएच में उस वक्त अफरा-तफरी का माहौल हो गया, जब एक कोरोना पॉजिटिव महिला की अधीक्षक कार्यालय में मौत हो गई. बाद में, जब इस घटना का वीडियो वायरल हुआ, तब अधीक्षक ने सफाई देते हुए कहा कि उनके परिजनों ने कोरोना पॉजिटिव महिला का शव मेरे कार्यालय में ला कर रख दिया और हंगामा करते रहे.
दरअसल, एक 65 वर्षीय महिला की पीएमसीएच में अधीक्षक कार्यालय में ही मौत हो गई. वह अधीक्षक के पास कोरोना वॉर्ड की दुर्दशा की शिकायत करने गई थी. अधीक्षक के कार्यालय में बोलते-बोलते ही उनकी मौत हो गई. इसके बाद घटना का वीडियो वायरल हो गया.
ये भी पढ़ें: राजस्थान: विधायकों की खरीद-फरोख्त का मामला ACB पहुंचा, FIR में भंवरलाल शर्मा नामजद
तब पीएमसीएच के अधीक्षक ने कहा कि महिला कोरोना पॉजिटिव जरूर थी लेकिन उनकी मौत मेरे कार्यालय में नहीं हुई थी बल्कि वॉर्ड में ही हुई थी. परिजनों ने गुस्से में महिला के शव को मेरे कार्यालय में रख दिया था. जिसके बाद काफी समझाने के बाद वह लोग शव को दाह संस्कार के लिए लेकर गए.
महिला की मौत की खबर फैलने के बाद काफी देर तक पीएमसीएच के अधीक्षक कार्यालय में अफरा-तफरी का माहौल रहा. कोरोना मरीज का शव घंटों तक अधीक्षक कार्यालय के अंदर रखा रहा, लेकिन कोई डर से उसे हटा नहीं रहा था. बाद में, अधीक्षक के आने के बाद मामला शांत हुआ. परिजनों ने आरोप लगाया कि अस्पताल में ठीक से इलाज नहीं किए जाने के कारण महिला की मौत हो गई.
ये भी पढ़ें: राजस्थान फोन टैपिंग कांड: बीजेपी बोली- कांग्रेस के अंदर ही साजिश, CBI जांच हो
अधीक्षक पीएमसीएच बिमल कारक का कहना है कि महिला नवादा सदर अस्पताल के फिजियोथेरेपिस्ट की मां थी. तीन दिन पहले यहां भर्ती हुई थी. उनकी कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी. उसी बीच उनकी मौत हो गई. मैं ऑफिस के काम से कहीं गया हुआ था.
इसी बीच महिला के परिजनों ने शव को वॉर्ड से उठाकर मेरे चेम्बर में लाकर रख दिया था और काफी हंगामा करते रहे. महिला जहानाबाद की रहने वाली थी और कई बीमारियों से पीड़ित थी. मैं जब आया तो उनके परिजनों को समझाया तब जाकर वे माने. बाद में, दाह संस्कार के लिए एंबुलेंस से शव को भेजा गया.