scorecardresearch
 

Explainer: RRB-NTPC एग्जाम से लेकर बंद तक कैसे बिगड़ता गया मामला, आपा खो बैठे स्टूडेंट्स

RRB-NTPC, Group D Result Row: आरआरबी एनटीपीसी एग्जाम के रिजल्ट में धांधली का आरोप लगाते हुए छात्रों ने आज बिहार बंद बुलाया है. रिजल्ट 14 जनवरी को आया था. इसके 10 दिन बाद 24 जनवरी से छात्रों ने प्रदर्शन करना शुरू किया और देखते ही देखते आंदोलन उग्र हो गया.

Advertisement
X
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने छात्रों से आंदोलन न करने की अपील की है. (फाइल फोटो-PTI)
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने छात्रों से आंदोलन न करने की अपील की है. (फाइल फोटो-PTI)
स्टोरी हाइलाइट्स
  • 24 जनवरी से जारी है छात्रों का प्रदर्शन
  • कई ट्रेनें जलाईं, कई जगह रेलवे ट्रैक उखाड़े
  • रेलवे ने हाईलेवल कमेटी का गठन किया

RRB-NTPC, Group D Result Row: रेलवे भर्ती बोर्ड (आरआरबी) ने नॉन टेक्नीकल पॉपुलर कैटेगरी (एनटीपीसी) के रिजल्ट में गड़बड़ी के आरोप के चलते अभ्यर्थियों का प्रदर्शन जारी है. आंदोलनकारी छात्रों ने आज बिहार बंद बुलाया है. बिहार के बाद उत्तर प्रदेश में आंदोलन तेज है. दोनों ही जगह सैकड़ों प्रदर्शनकारियों पर केस दर्ज किया गया है. 

Advertisement

24 जनवरी से छात्रों ने प्रदर्शन करना शुरू किया था. प्रदर्शनकारी छात्रों ने यूपी-बिहार में रेलवे की संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया. बिहार में कई जगह ट्रेन जलाई गईं. रेलवे ट्रैक उखाड़ दिए गए. छात्रों को उकसाने के आरोप में पुलिस ने बिहार के खान सर समेत कई कोचिंग संस्थानों के मालिक और अज्ञात छात्रों के खिलाफ केस दर्ज किया है. सोमवार से लेकर गुरुवार तक छात्रों ने सड़क पर बवाल काटा और शुक्रवार को बिहार बंद बुलाया. 

उधर, गुस्साए छात्रों की नाराजगी दूर करने के लिए रेलवे ने एक समिति का गठन किया है. ये कमेटी आरआरबी एनटीपीसी परीक्षा के रिजल्ट में अनियमितता के आरोपों की जांच करेगी. 

ये भी पढ़ें-- पटना के Khan Sir कौन हैं? RRB NTPC विवाद में दर्ज हुआ है केस, जानें क्यों हैं प्रशासन के निशाने पर

Advertisement

कैसे बिगड़ता गया मामला?

- 14 जनवरी को आरआरबी एनटीपी का रिजल्ट जारी किया गया. 7 लाख से ज्यादा छात्रों ने अगले राउंड के लिए क्वालिफाई किया.

- 24 जनवरी को रिजल्ट में धांधली का आरोप लगाते हुए छात्र सड़कों पर उतरे. इससे पहले रेलवे ने नोटिस जारी कर कहा कि एक छात्र को अलग-अलग एग्जाम में बैठने से नहीं रोका जा सकता.

- 24 जनवरी को ही रेलवे नए Group D एग्जाम को लेकर एक नोटिस जारी किया. इसमें बताया कि Group D का एग्जाम अब दो चरणों में होगा. इससे विवाद बढ़ गया.

- 24 जनवरी को छात्रों ने सबसे पहले पटना के राजेंद्र नगर रेलवे स्टेशन पर बवाल काटा. कई ट्रेनों की आवाजाही प्रभावित हुई. देर रात छात्र यहां से हटे.

- अगले दिन यानी 25 जनवरी को प्रदर्शन उग्र हो गया. हजारों छात्र सड़कों पर उतरे. जगह-जगह पुलिस से झड़प हुई. छात्रों ने रेलवे ट्रैक पर धरना दिया.

- 26 जनवरी को भी छात्रों ने उग्र प्रदर्शन किया. गया में ट्रेन की तीन बोगियां आग के हवाले कर दी. पुलिस पर पथराव किया. रेलवे ने एक कमेटी का गठन करने का ऐलान किया. शाम तक पुलिस ने खान सर समेत कोचिंग संस्थानों के मालिकों और अज्ञात छात्रों के खिलाफ केस दर्ज किया. कोचिंग संस्थानों के मालिकों पर छात्रों को भड़काने का आरोप है.

Advertisement

- 27 जनवरी को भी छात्रों का प्रदर्शन जारी रहा. जगह-जगह आगजनी की घटनाएं सामने आई. रेलवे ने छात्रों से संयम बरतने की अपील की. 

लेकिन विवाद किस बात पर है?

- ये पूरा विवाद दो परीक्षाओं को लेकर है. एक है NTPC और दूसरी है Group D. NTPC के जरिए 35,281 पदों पर भर्ती होनी थी. इनमें से 11 हजार पद 12वीं पास वालों के लिए थे. वहीं, Group D के जरिए 1,03,769 पदों के लिए वैकेंसी निकाली गई थी. इन दोनों परीक्षाओं के लिए करीब ढाई करोड़ आवेदन आए.

- इन दोनों परीक्षाओं के लिए 2019 में नोटिफिकेशन जारी किया गया. मार्च 2020 में एग्जाम होने थे. लेकिन कोरोना की वजह से टल गई. आखिरकार दिसंबर 2020 से जुलाई 2021 के बीच NTPC के पहले राउंड की परीक्षा हुई. इसका रिजल्ट 14 जनवरी को आया. इसमें 7 लाख 5 हजार 446 छात्र पास हुए.

- रिजल्ट के मुताबिक, जितने पद थे, उससे 20 गुना ज्यादा छात्रों ने दूसरे राउंड के लिए क्वालिफाई किया. रेलवे ने भी यही वादा किया था. लेकिन छात्रों का आरोप है कि रेलवे ने जो रिजल्ट जारी किया है, उसमें छात्रों का नहीं बल्कि रोल नंबर चुने गए हैं. यानी, कई पदों के लिए एक ही छात्र का चयन हो गया. मतलब जो ग्रेजुएट है, उसे भी 12वीं पास के लिए निकले पद के लिए चुन लिया गया. 

Advertisement

- छात्रों की मांग है कि रेलवे को एक पद के लिए एक ही छात्र को चुनना चाहिए. इसके साथ ही ये भी मांग की है कि 12वीं पास और ग्रेजुएशन के लिए अलग-अलग परीक्षाएं होनी चाहिए. हालांकि, रेलवे का कहना है कि एक ही छात्र को अलग-अलग जॉब के एग्जाम में बैठने से नहीं रोका जा सकता.

ये भी पढ़ें-- RRB Ntpc Student Protest Live: पटना में सुबह-सुबह सड़क पर उतरे छात्र, टायर जलाकर सड़क किया जाम

फिर Group D को लेकर क्या है विवाद?

- NTPC के अलावा Group D की परीक्षा को लेकर भी विवाद है. Group D यानी चतुर्थ श्रेणी. इसके जरिए चपरासी, गैंगमैन, ट्रैकमैन जैसे पदों पर भर्ती होनी थी. इसकी परीक्षा भी अब तक हो जानी चाहिए थी. इस परीक्षा के लिए एक ही राउंड का एग्जाम होता है. यानी, परीक्षा में पास हुए तो सीधे नौकरी. NTPC के लिए दो राउंड का एग्जाम होता है. दोनों में क्वालिफाई होने के बाद नौकरी मिलती है.

- Group D के लिए रेलवे ने नया नोटिफिकेशन जारी किया तो विवाद बढ़ गया. इसके लिए 23 फरवरी को पहले राउंड यानी CBT-1 की परीक्षा होनी थी, लेकिन विवाद के बाद इसे टाल दिया गया है. 

- रेलवे का तर्क है कि कम पदों पर ज्यादा आवेदन आने से दिक्तत बढ़ गई है. इसलिए इस परीक्षा को दो चरणों में करवाने का फैसला लिया गया. वहीं छात्रों को रेलवे के इस फैसले पर आपत्ति है. क्योंकि परीक्षा से ऐन पहले रेलवे ने एग्जाम पैटर्न ही बदल दिया. छात्र अब तक एक ही राउंड के हिसाब से तैयारी करते आ रहे थे.

Advertisement

अब आगे क्या?

- रेलवे ने NTPC CBT-2 और Group D CBT-1 की परीक्षाओं को टाल दिया है. NTPC एग्जाम के रिजल्ट में अनियमितता की जांच के लिए एक हाई लेवल कमेटी का गठन किया गया है. छात्र अपनी शिकायत और सुझाव rrbcommittee@railnet.gov.in पर 16 फरवरी तक भेज सकते हैं. 4 मार्च तक कमेटी अपनी रिपोर्ट सौंपेगी. इसके बाद एग्जाम कराने पर फैसला लिया जाएगा.

 

Advertisement
Advertisement