पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान और राज्यसभा सांसद संजय सिंह को तिहाड़ जेल से बड़ा झटका लगा है. जेल प्रशासन ने नियमों का हवाला देते हुए दोनों को जेल में बंद दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से मुलाकात की इजाजत नहीं दी है.
दरअसल, बुधवार को पंजाब के सीएम भगवंत मान और संजय सिंह केजरीवाल से मुलाकात के लिए तिहाड़ जेल जाने वाले थे. लेकिन जेल प्रशासन ने दोनों को उनसे मिलने की इजाजत नहीं दी है.
'मुलाकात के लिए दी जाएंगी तारीखें'
तिहाड़ जेल प्रशासन का कहना है कि जेल के अपने नियम होते हैं और जेल मैनुअल के हिसाब से जेल प्रशासन चलता है. बुधवार को जेल प्रशासन को केजरीवाल से मुलाकात के लिए एक लेटर मिला था. इस लेटर का आज तिहाड़ जेल के डीजी रिप्लाई करेंगे. डीजी के लेटर में सिक्योरिटी के बारे में जानकारी दी जाएगी और मुलाकात की कुछ तारीखें दी जाएंगी. जिसके बाद उन्हीं तारीखों पर संजय और भगवंत मान चाहें तो केजरीवाल से मुलाकात कर सकते हैं.
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लिस्ट में जोड़ा संजय और भगवंत मान का नाम
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने तिहाड़ जेल जाकर केजरीवाल से मिलने की इच्छा जताई थी तो वहीं जेल नियमावली के तहत अरविंद केजरीवाल को उन 10 लोगों के नाम तिहाड़ प्रशासन को सौंपने थे, जिनसे वह मुलाकात कर सकते हैं. इन 10 लोगों में सबसे पहले उनके परिवार और पार्टी के नेता संदीप पाठक का नाम शामिल था, लेकिन बाद में केजरीवाल ने इस लिस्ट में भगवंत मान का और संजय सिंह का नाम भी जोड़ दिया है.
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HC से लगा केजरीवाल को झटका
अदालत ने कहा कि कथित शराब घोटाले मामले में प्रिवेन्शन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) की धारा 70 भी लागू होती है. धारा 70 किसी कंपनी की ओर से किए गए अपराधों के लिए सजा का प्रावधान करती है. इतना ही नहीं, कोर्ट के आदेश से ये भी साफ होता है कि राजनीतिक पार्टियां धारा 70 के अंतर्गत आती हैं. माना जा रहा है कि अब ईडी इस मामले में आम आदमी पार्टी को भी आरोपी बना सकती है.