बीजेपी 'स्टैच्यू ऑफ युनिटी' प्रोजेक्ट को आगामी लोकसभा चुनाव से जोड़ने की कोशिश करती नजर आ रही है. इसके लिए देश के सभी साढे़ 6 लाख गांवों में एक खास तरह की 'किट' भेजी जाएगी, जिसमें खेत के औजार के साथ एक 'सुराज पिटीशन' पर गांववालों से हस्ताक्षर करवाया जाएगा.
बीजेपी और इसके पीएम पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ‘स्टैच्यू ऑफ युनिटी’ की राजनीति को गुजरात से लेकर देश के गांव-गांव तक पहुंचाने में जुट गए हैं. इस योजना पर बीजेपी में जोर-शोर से काम शुरू हो गया है.
खुद मुख्यमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में हुई बैठक के बाद बीजेपी कार्यकर्ताओं को एक खास किट बांटी गई. दरअसल, इस तरह की किट गुजरात सहित देश के सभी साढ़े 6 लाख गांवों में भेजी जाएगी. इस किट में गांव के लोगों के हस्ताक्षर करने के लिए कपड़े का टुकड़ा, गांव की मिट्टी रखने के लिए शीशी और लोहा रखने के लिए भी जगह है.
पूर्व मंत्री और बीजेपी के सीनियर नेता कौशिक पटेल ने कहा, 'देशभर में एक बॉक्स भेजा जायेगा. उस बॉक्स में देश के सभी गांव से लोहे के औजार जमा किए जाएंगे. बोतल में गांव की मिट्टी जमा की जाएगी. एक कपडा़ भी होगा, जिसमें सुराज पिटीशन पर गांव के लोग साइन करेंगे.'
देश के अलग-अलग हिस्सों में भेजे जाने वाली किट राज्यों की अलग-अलग भाषा में होगी. साथ ही हस्ताक्षर वाले कपड़े को बाद में एक साथ जोड़ दिया जाएगा, जो कि अंदाजन 200 KM. तक लंबा होगा. उसे प्रदर्शनी में लगाया जाएगा, जिसे सुराज याचिका नाम दिया गया है. मोदी ओर बीजेपी की इस योजना को लेकर माना जा रहा है कि इससे ज्यादा से ज्यादा जनसंपर्क होगा और हर गांव तक बीजेपी की पहुंच होगी.
हालांकि बीजेपी इसे अपने चुनावी मुद्दे से अलग बता रही है. कौशिक पटेल ने कहा, 'ये प्रोग्राम चुनाव के लिए नहीं है. यह गुजरात के विकास के लिए, गुजरात के जरिए भारत के विकास के लिए है. मुख्यमंत्री के लिए यह चुनाव का मुद्दा नहीं, बल्कि जनभावना का मुद्दा है.'