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गुजरात चुनाव से पहले कांग्रेस को झटका, दो बड़े चेहरों ने थामा AAP का दामन

राजकोट पूर्व सीट के पूर्व विधायक इंद्रनील राजगुरु को गुजरात का दूसरा सबसे अमीर विधायक माना जाता है. पिछले चुनाव में दिए गए हलफनामे के मुताबिक उनके पास 141 करोड़ रुपये की संपत्ति है.

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दोनों ही नेताओं को अरविंद केजरीवाल ने पार्टी की सदस्यता दिलाई
दोनों ही नेताओं को अरविंद केजरीवाल ने पार्टी की सदस्यता दिलाई
स्टोरी हाइलाइट्स
  • इंद्रनील राजगुरु लंबे समय से कांग्रेस से नाराज चल रहे थे
  • इस साल के अंत में गुजरात विधानसभा चुनाव हो सकते हैं

गुजरात विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस को बड़ा झटका लगा है. गुजरात कांग्रेस के दो बड़े चेहरे इंद्रनील राजगुरु और वसराम सागठिया ने पार्टी का साथ छोड़ दिया है और आम आदमी पार्टी में शामिल हो गए हैं. गुरुवार को इंद्रनील राजगुरु और वसराम सागठिया एक साथ आम आदमी पार्टी के अहमदाबाद ऑफिस पहुंचे और पार्टी की सदस्यता ली. दिल्ली के मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी के प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने दोनों नेताओं को पार्टी की सदस्यता दिलाई.

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इंद्रनील राजगुरु लंबे समय से कांग्रेस से नाराज चल रहे थे. कुछ दिन पहले ही इंद्रनील राजगुरु ने कांग्रेस प्रभारी रघु शर्मा से मुलाकात कर अपनी नाराजगी जाहिर की थी. इंद्रनील के कांग्रेस का दामन छोड़ने के बाद माना जा रहा पार्टी के कई नेता और कार्यकर्ता जल्द ही आप में शामिल हो सकते हैं. 

कांग्रेस को होगा नुकसान?

चुनाव से कुछ वक्त पहले दोनों नेताओं का इस तरह से कांग्रेस को छोड़कर जाना पार्टी के लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है. इंद्रनील राजगुरु ये कांग्रेस का वो चहरा हैं जो 2017 में पूर्व मुख्यमंत्री विजय रुपाणी के सामने चुनावी मैदान में उतरे थे.

क्या है गुजरात में आप का प्लान

दरअसल, दिल्ली के बाद पंजाब विधानसभा चुनावों में बपंर जीत हासिल करने वाली आम आदमी पार्टी की नजर अब गुजरात और हिमाचल पर है. हाल ही में गुजरात में आम आदमी पार्टी के राज्य अध्यक्ष गोपाल इटालिया ने दावा किया था कि आम आदमी पार्टी (आप) पूरी तरह से शासन के एजेंडे पर ध्यान केंद्रित करती है. जिसमें बच्चों के लिए स्कूल,अस्पताल और अन्य सुविधाएं प्रदान करने जैसे मुद्दे शामिल हैं. उनके मुताबिक अरविंद केजरीवाल का शासन एक मॉडल है.

कब हैं गुजरात में विधानसभा चुनाव

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गुजरात विधानसभा चुनाव इस साल नवंबर या दिसंबर में होने की संभावना है. ऐसा इसलिए है क्योंकि राज्य में वर्तमान सरकार का कार्यकाल 18 फरवरी, 2023 को समाप्त हो जाएगा. राज्य में वर्तमान में भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाली सरकार का शासन है. राज्य में 182 विधानसभा सीटें हैं और विधानसभा में स्पष्ट बहुमत हासिल करने के लिए, किसी भी पार्टी या पार्टियों के गठबंधन को 92 सीटें अपने पक्ष में करने की जरूरत है.

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