अहमदाबाद के पुलिस आयुक्त शिवानंद झा ने आज गुजरात उच्च न्यायालय से कहा कि पुलिस ने पटेल समुदाय द्वारा आरक्षण की मांग को लेकर पिछने महीने किए गए आंदोलन के दौरान अत्यधिक बल का इस्तेमाल किया.
उन्होंने साथ ही यह बात भी मानी कि पुलिसकर्मियों ने शहर के सोला इलाके में एक हाउसिंग सोसाइटी में वाहनों में तोड़फोड़ की.
झा ने न्यायमूर्ति जे बी पर्दीवाला को सौंपी गयी एक रिपोर्ट में कहा, ‘जांच में साफ तौर पर पता चला कि पुलिस बल का इस हद तक अत्यधिक इस्तेमाल किया गया कि याचिकाकर्ताओं की निजी संपत्ति को भी नुकसान पहुंचा.’ उन्होंने कहा कि सक्षम प्राधिकरण के सामने प्राथमिकी दायर करने के बाद आपराधिक दोष या पुलिसकर्मियों की इन कृत्यों की जांच कराई जाएगी.
बीते 27 अगस्त को उच्च न्यायालय ने याचिका को लेकर पुलिस को जांच करने और रिपोर्ट दायर करने का निर्देश दिया था. याचिका में आरोप लगाया गया था कि 25 अगस्त को सोला इलाके में पुलिस ने निजी संपत्ति के साथ तोड़फोड़ की और हवा में गोलियां दागीं.
इसी दिन पटेल समुदाय ने आरक्षण की मांग को लेकर एक बड़ी रैली निकाली थी. शहर के वकीलों विराट पोपट और तीर्थ भट्ट ने याचिका में कहा है कि करीब 40 पुलिसकर्मी उनके हाउसिंग सोसाइटी ‘आस्था बंगलोज’ में घुस आए और वाहनों के साथ तोड़फोड़ की.
इनपुट: PTI