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गुजरात: छात्रों ने बनाई अनूठी मशीन, कचरा डालने पर खाते में आएगा पैसा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान को आगे बढ़ाते हुए अहमदाबाद के GNC स्कूल के बच्चों ने एक I-BIN प्रोटोटाइप तैयार किया है.

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बच्चों ने बनाई मशीन
बच्चों ने बनाई मशीन

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  • बच्चों ने बनाई मशीन, कचरा डालने पर खाते में आएगा पैसा

  • यह मशीन गीले और सूखे कचरे को खुद अलग कर लेगी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान को आगे बढ़ाते हुए अहमदाबाद के GNC स्कूल के बच्चों ने एक I-BIN प्रोटोटाइप तैयार किया है. इस I-BIN की विशेषता यह है कि इस बिन में कचरा डालने वाले व्यक्ति के खाते में पैसे जमा हो जाएंगे. इससे लोग कचरा बाहर नहीं फेकेंगे और स्वच्छ भारत अभियान को इस प्रोजेक्ट से गति मिलेगी.

स्कूली छात्रों के जरिए तैयार किए I-Bin की विशेषता ये है कि इसमें किसी भी तरह की बिजली की खपत नहीं होती है. यानी ये सोलर पैनल से चलता है. इस बिन में जिस कलर का कचरा डाला जाता है, इसका कलर डिटेक्ट होता है. बिन में 4 सेक्शन हैं.

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जब बिन में कचरा डाला जाता है, तब सूखा कचरा और गीला कचरा खुद ही अलग हो जाता है. यही नहीं, प्लास्टिक वेस्ट कॉम्प्रेस हो जाता है और जो गीला कचरा है उसमें से सीधा खेती के लिए खाद बनती है. इस मशीन में जब कचरा भर जाता है तब यूजर को मैसेज मिलता है जिससे बिन को खाली किया जा सके.

इस आई बिन की खासियत यह भी है कि, जो कोई इस बिन में कचरा डालेगा, उसके बैंक अकाउंट में पैसे जमा होंगे. बिन पर एक फिंगरप्रिंट का ऑप्शन भी रखा गया है, जहां पर कचरा डालने वाले व्यक्ति को अपनी उंगली रखनी होगी और ये डाटा आधार कार्ड से कनेक्ट होगा.

इसके तहत पैसे सीधे बैंक अकाउंट में जमा होंगे, जिसकी वजह से लोग इस बिन में कचरा डालने के लिए प्रोत्साहित होंगे. ये मशीन इतनी स्मार्ट है कि अगर कोई कचरे के अलावा कुछ और डालेगा तो उसका वजन मशीन में गिना नहीं जाएगा. जितना कचरा होगा उसके वजन के हिसाब से ही पैसे मिलेंगे, यानी कोई चीटिंग भी नहीं कर पाएगा.

छात्रों के जरिए शुरू किए गए इस आईबिन को लेकर छात्र और इस्तेमाल करने वाले लोग काफी उत्साहित हैं. उनके इस प्रयास को भी सभी के जरिए सराहा जा रहा है.

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