scorecardresearch
 

हरियाणा: कृषि बिल पर दंगल, बीजेपी नेताओं ने ही विधेयक को बताया ‘किसान विरोधी’

कृषि बिल के खिलाफ किसान आज देशभर में सड़कों पर उतरेंगे. हरियाणा में भी दो भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने खुलकर इस बिल का विरोध किया है.

Advertisement
X
कृषि बिल के खिलाफ भारत बंद
कृषि बिल के खिलाफ भारत बंद
स्टोरी हाइलाइट्स
  • किसान बिल के खिलाफ आज भारत बंद
  • हरियाणा में बीजेपी नेताओं ने ही खोला मोर्चा

कृषि बिल के खिलाफ देश के अलग-अलग राज्यों में किसानों का हल्ला बोल जारी है. इस बीच हरियाणा में भारतीय जनता पार्टी के दो नेताओं ने भी बिल को किसान विरोधी करार दिया है. बीजेपी नेता परमिंदर सिंह ढुल और रामपाल माजरा का कहना है कि केंद्र द्वारा लाया गया बिल किसानों के हित का नहीं है, क्योंकि इसमें MSP की बात नहीं की गई है. भाजपा नेताओं का कहना है कि इस बिल के खिलाफ जो भी किसान प्रदर्शन कर रहे हैं, उनकी बात सुनी जानी चाहिए.

समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, बीजेपी नेता परमिंदर सिंह ढुल ने कहा कि ये बिल सर छोटू राम के सपनों के खिलाफ हैं, ऐसे में हम इनका समर्थन नहीं कर सकते. उन्होंने कहा कि कोरोना संकट में जब देश के सामने संकट आया तो किसानों ने ही अर्थव्यवस्था को जारी रखा, लेकिन अब किसान सड़क पर है और कोई उनकी बात नहीं सुन रहा है. 

बीजेपी नेता ने दावा किया कि उन्होंने बिल के मसले पर बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष ओपी धनकड़ से बात की है और ऐसा बिल लाने को कहा है जिसमें एमएसपी को शामिल किया जाए. जब किसान के पास MSP की गारंटी होगी तो कोई परेशानी नहीं होगी. 

दूसरे नेता रामपाल माजरा ने कहा कि किसानों की बात सुनना जरूरी है, ऐसा नहीं होना चाहिए कि आगे चल कर एक गरीब किसान किसी बड़ी कंपनी के खिलाफ लड़ाई लड़ रहा हो. माजरा ने कहा कि भले ही वो भाजपा में हैं लेकिन सही के लिए आवाज जरूर उठाएंगे.

आपको बता दें कि कृषि से जुड़े जिन तीन विधेयकों को लाया गया है, उसके खिलाफ कई किसान प्रदर्शन कर रहे हैं. हरियाणा में ये प्रदर्शन काफी आक्रामक हुआ है, जहां प्रशासन ने किसानों पर लाठीचार्ज भी किया. 

Advertisement


 

Advertisement
Advertisement