हरियाणा के सिरसा के तेजाखेड़ा गांव स्थित चौधरी साहब राम स्टेडियम में मंगलवार को पूर्व मुख्यमंत्री ओमप्रकाश चौटाला की श्रद्धांजलि सभा आयोजित हुई. उन्हें श्रद्धांजलि देने के लिए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा सिरसा पहुंचे. राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने भी ओमप्रकाश चौटाला को श्रद्धांजलि दी.
जेपी नड्डा ने कहा, 'चौधरी ओमप्रकाश चौटाला जी का निधन हम सभी के लिए हृदयविदारक है. चौटाला जी किसान, मजदूर समेत हर वर्ग की आवाज बनकर खड़े रहे. मुख्यमंत्री के रूप में हरियाणा के विकास में उनका योगदान सदा याद किया जाएगा.'
उन्होंने कहा, 'ऐसे महान व्यक्तित्व और बहुआयामी प्रतिभा संपन्न नेता का जाना सम्पूर्ण प्रदेश के लिए अपूरणीय क्षति है. शोकाकुल परिजनों के प्रति गहन संवेदना प्रकट करता हूं. ईश्वर दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान प्रदान करे.
89 साल की उम्र में ली अंतिम सांस
ओमप्रकाश चौटाला का 20 दिसंबर को निधन हो गया था. 89 साल की उम्र में उन्होंने गुरुग्राम में अपने निवास पर अंतिम सांस ली. वह इंडियन नेशनल लोकदल (इनेलो) के चीफ थे. उन्होंने आखिरी बार 2005 में रोड़ी विधानसभा से चुनाव लड़ा था. चौटाला परिवार मूल रूप से हिसार का रहने वाला है.
चार बार रहे हरियाणा के सीएम
हरियाणा और देश की सियासत में चौधरी देवीलाल ताऊ मशहूर रहे. वह देश के डिप्टी पीएम भी रहे. देवीलाल की 5 संतानों में चार बेटों में ओमप्रकाश चौटाला भी एक थे. उनके बाकी बेटों का नाम प्रताप चौटाला, रणजीत सिंह और जगदीश चौटाला है. जब देवीलाल डिप्टी पीएम बने तो बड़े बेटे ओमप्रकाश चौटाला ने राजनीतिक विरासत संभाली और हरियाणा के मुख्यमंत्री बने.
ओमप्रकाश 1989 से 1991 तक मुख्यमंत्री रहे. 1991 में वह लोकसभा चुनाव हार गए. 1999 में ओमप्रकाश चौटाला ने बीजेपी की मदद से हरियाणा में सरकार बनाई. 2005 तक वे हरियाणा के सीएम बने. 2001 में देवीलाल का देहांत हो गया. ओमप्रकाश चार बार हरियाणा के सीएम रहे.