हरियाणा के रोहतक छेड़छाड़ मामले के तीनों आरोपियों को 6 दिसंबर तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. इससे पहले सेना ने आरोपियों का आवेदन पत्र रद्द कर दिया था. छेड़छाड़ करने वाले तीनों लड़कों ने पहली परीक्षा पास कर ली थी. इसके अलावा सोमवार को उस बस के ड्राइवर और कंडक्टर पर भी कानून का डंडा चला, जिसमें लड़कियों के साथ मारपीट हुई थी. दूसरी ओर पीडि़त लड़कियों-पूजा और आरती ने हरियाणा में खाप पंचायत पर रोक लगाने की मांग एक नई बहस छेड़ दी है.
हरियाणा सरकार ने पूजा और आरती को 31-31 हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा के साथ ही उन दोनों का 26 जनवरी के मौके पर सम्मान करने की बात भी कही है.
पिता का खुलासा सरपंच ने बनाया था दबाव
अदम्य साहस का परिचय देने वाली पूजा और आरती के पिता ने खुलासा किया है कि सरपंच ने उन पर केस वापस लेने का दबाव डाला. युवकों के परिजन आसन गांव के सरपंच समेत पूरी पंचायत को लेकर छात्राओं के गांव गए थे. उन्होंने लड़कियों के पिता राजेश बैरागी पर दबाव डाला था कि वह इस मामले को दबा दें, जिससे कि छेड़छाड़ करने वाले लड़कों का करियर खराब न हों.
लड़कियों के पिता ने बताया कि उन्होंने मामला रफा-दफा करने की बात यह कहकर ठुकरा दी थी कि लड़कों को माफी मांगनी ही होगी, साथ ही उन्हें सार्वजिनक रूप से जूते भी खाने होंगे. खबर के अनुसार एक बार तो पंचायत ने इसे स्वीकार भी कर लिया, लेकिन बाद शर्त को अस्वीकार कर दिया था.
गौरतलब है कि जिन लड़कियों के साथ छेड़छाड़ की गई, वे पिछड़ी जाति से ताल्लुक रखती हैं. लड़कियों के साथ मारपीट का वीडियो चैनलों पर चलने के बाद इंटरनेट पर भी वायरल हो गया है. घटना के प्रभाव को समझते हुए हरियाणा सरकार ने दोनों लड़कियों को 31-31 हजार रुपये का इनाम देने का ऐलान किया है.
क्या है पूरा मामला
बीते शुक्रवार को सोनीपत जिले के खरखौदा थाने के खुर्द गांव की दो सगी बहनें- पूजा और आरती रोहतक के अपने कॉलेज से घर लौट रही थीं. बीसीए फाइनल ईयर की ये दोनों स्टूडेंट रोडवेज बस स्टैंड पर ही खड़ी थीं, वहीं से कुलदीप नाम के युवक ने उन्हें छेड़ना शुरू कर दिया. फिर ये लड़कियां जब बस में बैठीं तो वह लड़का भी बस में आ गया और जबरन उनकी सीट पर बैठने लगा.
बस में ही बैठी एक गर्भवती महिला ने कुलदीप को रोकने का प्रयास किया, लेकिन वह उस महिला से बदतमीजी करने लगा. बाद में उसने दो और लड़कों को बस में बुला लिया और लड़कियों की तरफ भद्दे इशारे करने लगा. पूजा-आरती ने उनका विरोध किया और मारपीट शुरू हो गई. इसी दौरान बस में बैठी महिला ने घटना का वीडियो बना लिया और यह पूरा मामला राष्ट्रीय मीडिया में आ गया.