सर्व हिंदू समाज मेवात में यात्रा को लेकर अड़ गया है और 28 अगस्त को फिर से ब्रजमंडल यात्रा निकालने का ऐलान कर दिया है. हालांकि हरियाणा पुलिस ने इस यात्रा की अनुमित देने से इनकार कर दिया है. विश्व हिंदू परिषद ने कहा है कि इसके लिए इजाजत की जरुरत नहीं है. पुलिस प्रशासन ने एहतियात के तौर पर सुरक्षा व्यवस्था के तमाम इंतजाम किए हैं. सांप्रदायिक रूप से संवेदनशील जिले में निषेधाज्ञा लागू कर दी गई है.
सीएम का बड़ा बयान
नूंह की ब्रज मंडल यात्रा पर मुख्यमंत्री मनोहर लाल का बड़ा बयान सामने आया है. सीएम ने कहा ब्रज मंडल यात्रा की अनुमति नहीं दी गई है. उन्होंने कहा कि सावन का महीना है सभी लोगों की श्रद्धा है इसलिए मंदिरों में जलाभिषेक करने की अनुमति रहेगी.सीएम ने कहा सभी लोग अपने-अपने स्थानीय मंदिरों में जलाभिषेक कर सकेंगे.सीएम ने कहा पिछले दिनों नूहं में जो घटनाक्रम हुआ है इसके चलते कानून व्यवस्था के लिहाज से यात्रा की अनुमति नहीं दी गई है.
नूंह में इंटरनेट सेवाएं निलंबित
नूंह के उपायुक्त धीरेंद्र खड़गटा ने बताया, 'हमने यात्रा (ब्रज मंडल शोभा यात्रा) की अनुमति देने से इनकार कर दिया है. फिर भी, कुछ ने कहा है कि वे यात्रा आयोजित करेंगे.' नूंह प्रशासन ने किसी भी तरह की हिंसा और अनहोनी से बचने के लिए 25 से 29 अगस्त तक इंटरनेट सर्विस और बल्क एसएमएस पर रोक लगा दी है. इस दौरान सिर्फ सर्विस कॉल चालू रहेगी. वहीं गुरुग्राम पुलिस ने ट्वीट करते हुए कहा, '28 अगस्त को जिला नूंह में प्रस्तावित बृज मंडल यात्रा को जिला प्रशासन द्वारा अनुमति नहीं दी गई है.अतः गुरुग्राम पुलिस की सभी गुरुग्राम वासियों से अपील है कि इस यात्रा में सम्मिलित होने हेतु ना जाएं.'
नूंह में होनी हैं जी 20 शेरपा ग्रुप की बैठक
हरियाणा के पुलिस महानिदेशक शत्रुजीत कपूर ने कहा कि प्रशासन ने 3-7 सितंबर के दौरान नूंह में होने वाली जी20 शेरपा समूह की बैठक और जुलाई के बाद कानून व्यवस्था बनाए रखने के कारण यात्रा की अनुमति देने से इनकार कर दिया है. यात्रा आह्वान के मद्देनजर हरियाणा के पुलिस महानिदेशक शत्रुजीत कपूर कपूर ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से सीमावर्ती राज्यों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक बैठक की अध्यक्षता की और किसी भी हालात से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए समन्वित प्रयास का आह्वान किया. बैठक में पंजाब, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और केंद्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने भाग लिया.
सरकार ने उठाए ये कदम
- सरकार ने सोमवार की रैली से पहले या उसके दौरान सोशल मीडिया के माध्यम से अफवाहों के फैलने की आशंका को देखते हुए 26-28 अगस्त तक मोबाइल इंटरनेट को निलंबित करने का फैसला किया है.
- नूंह में 28 अगस्त को स्कूल, कॉलेज और बैंक बंद रहेंगे. जनता की सामान्य आवाजाही भी प्रतिबंधित है. सोमवार को दुकानें भी बंद रखने की सलाह दी गई है.
- पुलिस के मुताबिक, सीआरपीसी की धारा 144 के तहत निषेधाज्ञा का सख्ती से पालन किया जाएगा. इसके तहत एक क्षेत्र में चार या अधिक लोगों के इकट्ठा होने पर रोक लगा दी गई है.
- इस अवधि के दौरान किसी भी व्यक्ति को लाइसेंसी हथियार, लाठी, कुल्हाड़ी आदि हथियार ले जाने की अनुमति नहीं होगी.
- डीजीपी ने सीमावर्ती राज्यों के वरिष्ठ पुलिस पदाधिकारियों से सोशल मीडिया की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने और नफरत भरे भाषणों के माध्यम से शांति भंग करने की कोशिश करने वाले लोगों के बारे में जानकारी साझा करने और उनके खिलाफ कार्रवाई करने को कहा.
- इस अवधि के दौरान हरियाणा की अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कानून एवं व्यवस्था) ममता सिंह नोडल अधिकारी होंगी और नूंह में तैनात रहेंगी.
विहिप बोली मुस्लिमों ने सहयोग की पेशकश की
विश्व हिंदू परिषद (विहिप) ने शनिवार को कहा कि 28 अगस्त को नूंह में "शोभा यात्रा" निकाली जाएगी और कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजनों के लिए प्रशासन से अनुमति लेने की कोई आवश्यकता नहीं है. हालांकि, संगठन ने कहा कि वह प्रशासन को जुलूस के बारे में सूचित करेगा और इसके स्वरूप और आकार पर चर्चा के लिए हम तैयार है क्योंकि हम जी20 कार्यक्रम पर कोई प्रभाव नहीं डालना चाहते.
दिल्ली में एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए विहिप के संयुक्त महासचिव सुरेंद्र जैन ने कहा कि यात्रा विहिप नहीं, बल्कि मेवात के सर्व हिंदू समाज द्वारा निकाली जाएगी. उन्होंने हरियाणा के अन्य क्षेत्रों के लोगों से भी अपील की कि वे अपने-अपने इलाकों में इसी तरह की यात्राएं निकालें और मेवात में शामिल न हों. जैन ने उम्मीद जताई कि यात्रा शांतिपूर्ण रहेगी, उनका दावा है कि क्षेत्र के मुसलमानों ने उन्हें सहयोग करने की पेशकश की है.
'ठीकरी पहरा' लगाने के आदेश
इस बीच, नूंह के उपायुक्त धीरेंद्र खड़गटा ने शनिवार को पंजाब विलेज एंड स्मॉल टाउन पेट्रोलिंग एक्ट, 1918 की धारा 3(1) के तहत 26 से 28 अगस्त तक नूह जिले के सभी गांवों और कस्बों में "ठीकरी पहरा" स्थापित करने के आदेश जारी किए है. "ठीकरी पहरा" किसी भी आपातकालीन स्थिति के मामले में सामुदायिक पुलिसिंग के माध्यम से लोगों को खुद की रक्षा करने की अवधारणा पर आधारित होता है.
कांग्रेस बोली यात्रा करना हर किसी का अधिकार
वहीं कांग्रेस नेता भूपिंदर सिंह हुड्डा से जब प्रस्तावित यात्रा के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि यात्रा करना हर किसी का अधिकार है. उन्होंने कहा, "यात्राओं पर किसी को आपत्ति नहीं होनी चाहिए, लेकिन सरकार को इसकी गंभीरता को देखते हुए हर मामले में एहतियात बरतनी चाहिए. पिछली बार सब कुछ जानने के बावजूद सरकार ने यात्रा की सुरक्षा को लेकर उचित कदम नहीं उठाए और सरकार ने कोई कदम नहीं उठाया. भड़काऊ बयानों के कारण हिंसा हुई.'
(पीटीआई इनपुट के साथ)