हरियाणा में मेवात के नूंह इलाके में रह रहे हिंदू समुदाय के मूल अधिकारों की रक्षा की मांग को लेकर सुप्रीम कोर्ट में जनहित याचिका दाखिल की गई है. याचिका में कहा गया है कि इस इलाके में मुस्लिम समुदाय की बहुतायत होने के चलते यहां लोगों का धर्म परिवर्तन कराया जा रहा है.
याचिका में आगे कहा गया है, नूंह मेवात जिले की 80 फीसदी आबादी मुस्लिम है. यहां के 531 गांवों में से लगभग 200 गांव मुस्लिम बाहुल्य हैं. कुछ गांवों में दलितों के चार-पांच परिवार ही हैं. लिहाज़ा मिलीजुली आबादी वाले गांवों में वहां रहने वाले अल्पसंख्यक हिन्दुओं की दशा बेहद दयनीय है.
सुप्रीम कोर्ट में यह याचिका पांच लोगों ने दाखिल की है. इनमें वकील रंजना अग्निहोत्री, जितेंद्र सिंह, शिशिर चतुर्वेदी, आशुतोष मिश्रा और करुणेश कुमार शुक्ला भी शामिल हैं. याचिकाकर्ताओं की ये टीम लगभग वही है जिन्होंने मथुरा जिला अदालत में श्री कृष्ण जन्म स्थान को मुक्त करवाने की याचिका दाखिल की है.
इसके अलावा याचिका में इस इलाके में रहने वाले हिंदू समुदाय को उनकी सम्पति, ज़मीन, मन्दिर और श्मशान घाट वापस दिलाये जाने की मांग भी की गई है. दूसरे समुदाय के लोगों पर इन जगहों पर कब्जा करने का आरोप है. इसके अलावा याचिका में हिंदू समुदाय के लोगों के साथ गैंगरेप, मर्डर, अपहरण जैसे गंभीर अपराधिक मामलों की SIT के जरिए जांच कराए जाने की भी मांग की गई है.