बोकारो के सेक्टर छह थाना क्षेत्र में एक महिला ने पति की गैरमौजूदगी में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. पुलिस के मुताबिक 31 वर्षीय मृतिका की पहचान पुनीता देवी के रूप में हुई है. पुनीता सेक्टर छह थाना क्षेत्र के छह सी आवास संख्या 1018 में अपने पति सूरज प्रकाश और सास के साथ रहती थी. पति सूरज प्रकाश बोकारो रेलवे स्टेशन में ग्रुप डी कर्मचारी के तौर पर कार्यरत है. घटना के वक्त पति ड्यूटी पर गया हुआ था. पति की गैरमौजूदगी में पत्नी ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली.
फिलहाल पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और जांच शुरू कर दी है. सेक्टर छह थाना के एसआई विक्रांत मुंडा ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का लगता है. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है.
परिवार के सदस्यों से जानकारी मिली कि मृतका का पति रेलवे में काम करता है और शनिवार को नाइट शिफ्ट में काम करने गया हुआ था. घर पर महिला, उसके दो बच्चे और सास थीं. सास सुबह करीब पांच बजे मॉर्निंग वॉक के लिए गई हुई थीं.
पंखे से झूलती मिली पत्नी
एसआई ने बताया की पति सूरज प्रकाश जब सुबह ड्यूटी से घर लौटा तो दरवाजा बंद पाया और बच्चे अंदर रो रहे थे. पति द्वारा काफी देर तक दरवाजा खुलवाने का प्रयास किया गया. जब दरवाजा नहीं खोला गया तो किसी अनहोनी के डर से सूरज ने बगल की खिड़की से डंडा फंसाकर किसी प्रकार दरवाजा खोला. अंदर जाकर देखा तो उसकी आंखों के सामने अंधेरा छा गया.
पत्नी दूसरे वाले कमरे में पंखे से झूलते नजर आई, बच्चे नीचे बैठे रो रहे थे. अपनी पत्नी को फंदे से लटकता देखा सूरज ने शोर मचाया. फिर पड़ोसियों की सहायता से शव को फंदे से नीचे उतारकर जमीन पर रखा गया. जैसे ही महिला का शव जमीन पर रखा गया, दोनों बच्चे अपनी मां के पेट पर बैठकर खेलने लगे. बच्चों के हाथ में मोबाइल फोन था. इस दृश्य को देखकर वहां मौजूद हर शख्स के आंखों में आंसू आ गए.
परिजनों ने पुलिस को बताया कि पुनीता के इस प्रकार आत्महत्या करने के पीछे कोई वजह समझ नहीं आ रही है. घर में न झगड़ा हुआ था और ना ही पति से ही कोई कहासुनी हुई थी. सभी परिवार एक साथ अच्छे से रहते थे. पुनीता ने ऐसा क्यों किया किसी को कुछ भी नहीं मालूम.