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जमशेदपुर: कुख्यात गैंगस्टर रहे अमरनाथ सिंह के बड़े भाई की सरेआम हत्या, बाइक सवार हमलावरों ने मारी गोली

जमशेदपुर में सरेआम फायरिंग का मामला सामने आया है. हमलावरों ने कुख्यात गैंगस्टर रह चुके अमरनाथ सिंह के बड़े भाई की गोली मारकर हत्या कर दी है. पुलिस ने केस दर्ज कर वारदात की छानबीन शुरू कर दी है. शुरुआती तौर पर मामला जमीनी विवाद का माना जा रहा है.

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बाइक पर सवार होकर आए हमलावरों ने डब्लू सिंह को पीठ पर गोली मारी.
बाइक पर सवार होकर आए हमलावरों ने डब्लू सिंह को पीठ पर गोली मारी.

झारखंड के जमशेदपुर में कुख्यात गैंगस्टर रहे अमरनाथ सिंह के भाई की सरेआम हत्या कर दी गई है. बताया जा रहा है कि हमलावरों ने अमरनाथ के बड़े भाई डब्लू सिंह को सरेआम गोली मारी है. सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की छानबीन शुरू कर दी है. बता दें कि गैंगस्टर अमरनाथ सिंह कि हमलावरों ने पिछले साल ही हत्या कर दी थी.

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पुलिस के मुताबिक वारदात जमशेदपुर के मानगो के शांति नगर इलाके में देर शाम हुई. हमलवारों ने घटना को डब्लू सिंह के घर के पास ही अंजाम दिया है. गैंगस्टर अमरनाथ सिंह के बड़े भाई डब्लू सिंह एक सरकारी मुलाजिम थे. वह सिंचाई विभाग में काम करते थे. पुलिस मामले की छानबीन में जुट गई है.

परिवार ने बताए कुछ लोगों के नाम

मामला जमीनी विवाद का माना जा रहा है. पूछताछ के दौरान डब्लू सिंह के परिवारवालों ने कुछ लोगों का नाम बताया है. पुलिस ने बताए गए नामों के आधार पर गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू कर दी है.

सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही पुलिस

जमशेदपुर सिटी एसपी ऋषभ गर्ग के मुताबिक पुलिस को गोली चलने की सूचना मिली थी, जिसके बाद जब पुलिस घटनास्थल पर पहुंची तो वहां डब्लू सिंह नाम के शख्स की लाश पड़ी मिली. प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ करने पर उन्होंने बताया कि हमले को अंजाम देने वाले दो आरोपी बाइक पर सवार हो कर आए थे. इस शुरुआती जानकारी के बाद पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरू कर दिए हैं.

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जमशेदपुर में पहले भी हुई फायरिंग

बता दें कि पिछले कुछ महीनों में जमशेदपुर के अंदर गोलीकांड की कई वारदातें सामने आ चुकी हैं. करीब 5 महीने पहले 6 अप्रैल को भी फायरिंग की एक घटना सामने आई थी. वह मामला मुखबिरी से जुड़ा हुआ था. दरअसल, आरपीएफ ने मोहम्मद अफजल के घर पर छापेमारी की थी.

मुखबिरी के शक में हुई थी गोलीबारी

आरपीएफ को शक था कि मालगाड़ी से फूड कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (FCI) का जो चावल आता है, उसे कुछ लोग जुगसलाई में उतार लेते हैं. इस मामले में अफजल को शक था कि सरफराज नाम के युवक ने उसकी मुखबिरी की है. अफजल और उसके साथियों ने सरफराज को एक घर में बंद कर दिया था, जिसके बाद सरफराज के छोटे भाई हसन ने वहां पहुंचकर अफजल को गोली मार दी थी.

लिफ्ट ना देने पर मारी थी गोली

गोलीबारी का एक मामला 20 अप्रैल को भी सामने आया था. तब एक समारोह से एक दंपति अपनी स्कूटी पर लौट रहे थे. दो लड़कों ने उन्हें रोककर लिफ्ट मांगी. दंपति के इनकार करने पर बदमाशों ने उन पर फायरिंग कर दी थी. अपराधियों ने तीन राउंड गोली चलाई थी, जिसमें से एक गोली पीड़ित कंधे और दूसरी पैर में लगी थी.

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