झारखंड की राजधानी रांची से नाबालिग के साथ गैंगरेप की घटना सामने आई है. मामला तुपुदाना ओपी क्षेत्र का है. हैवानों ने नाबालिग का पहले अपहरण किया. फिर उसे अपने साथ ले गए और रात भर उसके साथ दुष्कर्म किया. नाबालिग रोती-बिलखती रही, दरिंदों से छोड़ देने की भीख मांगती रही. लेकिन उनका दिल नहीं पसीजा. घटना के संबंध में तुपुदाना ओपी पुलिस को रविवार की सुबह जानकारी मिली.
नाबालिग का पुलिस ने मेडिकल कराया है और उसके बयान पर प्राथमिकी दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है. सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है. घटना के संबंध में नाबालिग ने पुलिस को बताया है कि वह मूल रूप से खूंटी की रहने वाली है. अपने प्रेमी से मिलने के लिए खूंटी से रांची आई हुई थी. लेकिन शनिवार की रात को प्रेमी के साथ उसकी कुछ अनबन हो गई और वह उसके घर से बाहर निकल सड़क पर आ गई.
नाबालिग को अकेली देख बाइक सवार तीन युवकों ने हुलहुन्दू में चर्च गेट के पास से रात करीब 9 बजे उसका किडनैप कर लिया. फिर उसे खरसीदाग स्थित एक सुनसान किशकी गांव के चुकरु जंगल में लेकर पहुंचे. जहां पहले से पांच युवक शराब पी रहे थे. उसके बाद हैवानों ने एक-एक करके रातभर नाबालिग से सामूहिक दुष्कर्म किया. जब लड़की की स्थिति खराब होने लगी तो उसे बाइक से लेकर रात 12 बजे दसमाइल चौक के पास छोड़ दिया. लड़की किसी तरह एक ऑटो वाले की सहायता से रात ढेड़ बजे तुपुदाना थाना पहुंची. यहां उसने पूरी कहानी थाना प्रभारी मीरा सिंह को बताई.
नाबालिग को अस्पताल में करवाया भर्ती
थाना प्रभारी मीरा सिंह ने तुरंत इसकी जानकारी एसएसपी चंदन सिन्हा, सिटी एसपी राज कुमार मेहता और हटिया डीएसपी राजा कुमार मित्रा को दी. उसके बाद हटिया डीएसपी राजा कुमार मित्रा के नेतृत्व में एक टीम बनाई गई और सीसीटीवी को खंगलाना शुरू कर दिया गया. उधर, नाबालिग के साथ सामूहिक दुष्कर्म के बाद उसकी हालत खराब हो गई है. उसे अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया है.
वहीं घटना स्थल पर एफएसएल टीम से जांच कराई गई है. घटनास्थल पर शराब की बोतलें भी पुलिस को मिली हैं. शराब की बोतलों पर एफएसएल की टीम को कुछ फिंगर प्रिंट भी मिले हैं. पुलिस ने आठ युवकों पर मामला दर्ज करते हुए कार्रवाई शुरू कर दी है. नाबालिग का मेडिकल और कोर्ट में बयान आज सोमवार को दर्ज कराया जा सकता है.
गैंगरेप के बाद शुरू हो गई राजनीति
उधर, इस गैंगरेप केस को लेकर झारखंड में राजनीति भी शुरू हो गई है. बीजेपी के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने इस मामले पर कहा की ये बेहद दुर्भाग्य की बात है कि हेमंत सोरेन के राज्य में नारी और बेटियों की आबरू तक सुरक्षित नहीं. कानून का इकबाल बुलंद नहीं. सरकार दोषियों के खिलाफ सख्त करवाई करे. वहीं, जेएमएम के प्रवक्ता मनोज पांडेय का कहना है कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा. बीजेपी शासित प्रदेशों में महिलाएं कितनी सुरक्षित हैं वो भी बीजेपी को देखना चाहिए.