कोरोना वायरस की महामारी से निपटने के लिए देश में वैक्सीनेशन की शुरुआत हो चुकी है. देश में हर दिन सामने आ रहे नए मामलों में भी कमी देखने को मिल रही है. इसके बावजूद कुछ राज्यों में कोरोना संक्रमण के मामले तेज रफ्तार से बढ़ रहे हैं. कोरोना की तेज रफ्तार के कारण गुजरात के चार शहरों- अहमदाबाद, सूरत, वड़ोदरा और राजकोट में नाइट कर्फ्यू लागू किए जाने के ऐलान के बाद अब मध्य प्रदेश सरकार ने भी दो शहरों में नाइट कर्फ्यू लगा दिया है.
कोरोना की बढ़ती रफ्तार से सतर्क हुई मध्य प्रदेश सरकार ने राजधानी भोपाल और इंदौर में नाइट कर्फ्यू लगाने का फैसला किया है. इन दोनों शहरों में नाइट कर्फ्यू 17 मार्च से लागू होगा. यह फैसला मंगलवार को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में कोरोना को लेकर हुई समीक्षा बैठक में लिया गया. इसके अलावा सरकार ने यह फैसला भी किया है कि जबलपुर और ग्वालियर समेत प्रदेश के आठ शहरों में रात 10 बजे के बाद बाजार बंद रहेंगे.
जानकारी के मुताबिक मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कोरोना वायरस से संक्रमण के बढ़ते मामलों को देखते हुए मंगलवार को आला अधिकारियों के साथ बैठक कर हालात की समीक्षा की. बैठक में यह निर्णय लिया गया कि राजधानी भोपाल और इंदौर में कल रात यानी 17 मार्च की रात से नाइट कर्फ्यू लगाया जाएगा. इसके अलावा प्रदेश के आठ शहरों में रात 10 बजे के बाद बाजार बंद करने का भी निर्णय लिया गया.
जिन शहरों में रात 10 बजे के बाद बाजार बंद कराने का फैसला हुआ है, उनमें जबलपुर और ग्वालियर के अलावा उज्जैन, रतलाम, छिंदवाड़ा, बुरहानपुर, बैतूल और खरगोन शामिल हैं. इन शहरों में नाइट कर्फ्यू जैसी स्थिति नहीं रहेगी लेकिन बाजार अनिवार्य रूप से बंद रहेगा. यह आदेश भी कल ही से यानी 17 मार्च से लागू होगा. गौरतलब है कि भोपाल में पहले से ही धरना-प्रदर्शन पर रोक लागू है.
समय से पहले खत्म हुआ बजट सत्र
कोरोना के कारण विधानसभा भी अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गई है. विधानसभा का बजट सत्र 26 मार्च तक चलना था. 16 मार्च को कोरोना के कारण सत्र को आगे और न चलाने का फैसला आम सहमति से लिया गया. दरअसल, विधानसभा के बजट सत्र के दौरान पांच विधायक और चार मार्शल तो पहले ही कोरोना पॉजिटिव हो चुके थे, मंगलवार को एक और मार्शल और विधानसभा के कर्मचारी भी कोरोना संक्रमित हो गए. इसके बाद बजट सत्र समाप्त करने और विधानसभा सत्र स्थगित करने का फैसला लिया गया.