महाराष्ट्र के भंडारा में आई बाढ़ से लोग परेशान हैं. लेकिन एक मजदूर परिवार पर अलग तरह की मुसीबत आ गई है. बेटी की शादी के लिए जुटाई रकम बाढ़ में भीग गई. अगले महीने मजदूर को अपनी बेटी की शादी करनी थी. अब बचे हुए रुपयों को सड़क पर सुखाने के मजबूर है यह परिवार. जिससे अपनी बेटी की शादी कर सके.
(इनपुट: धनंजय बलिराम साबले)
पैसों के अलावा शादी के लिए इकट्ठा किया गया सारा सामान भी बाढ़ के पानी में बह गया. इस गरीब परिवार पर चारों तरफ से आफत आ गई है. अगले महीने बेटी की शादी होनी थी. विदर्भ में की वैनगंगा नदी का जलस्तर बढ़ने की वजह से बाढ़ आ गई है.
कुछ इलाकों में बाढ़ के पानी का असर कुछ कम हुआ है, लेकिन नुकसान की कई खौफनाक तस्वीरें सामने आ रही हैं. किसी का सामान खराब गया तो किसी का मकान टूट गया. स्लम एरिया की झुग्गियों में रहने वाले गरीब लोगों को इसका भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है.
बाढ़ ने भंडारा और गोंदिया जिले में 1994 के बाद ऐसी तबाही मचाई है. जिले के 62 गांव पर इसका खासा असर देखने को मिला है. बाढ़ से करीब 18,000 लोग प्रभावित हुए हैं. जिन्हें सुरक्षित जगह पर पहुंचाया गया है. जिले के कई मकान, किसानों की धान की फसल समेत कई चीज़ें इस बाढ़ की चपेट में आ गई हैं.