मुंबई में नौसेना के पूर्व अफसर से मारपीट के छह आरोपियों को जमानत मिलने के विरोध में भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने अतिरिक्त पुलिस आयुक्त के कार्यालय के सामने प्रदर्शन किया. प्रदर्शन करने वालों में मारपीट का शिकार बने नौसेना के पूर्व अफसर मदन शर्मा की बेटी भी शामिल थीं. प्रदर्शन करने वाले बीजेपी कार्यकर्ता आरोपियों के खिलाफ गैर जमानती अपराध के तहत मामला दर्ज करने की मांग कर रहे थे.
कांदीवली में अतिरिक्त पुलिस आयुक्त के कार्यालय के सामने प्रदर्शन करने पहुंची मदन शर्मा की बेटी शीला शर्मा ने कहा कि मैं महाराष्ट्र सरकार को कुछ नहीं कहना चाहती हूं. मुझे उन पर भरोसा नहीं है.
Maharashtra: BJP leaders, and daughter of Madan Sharma, retired Navy officer who alleged he was beaten up by Shiv Sena workers in Mumbai, stage protest outside the office of Additional Commissioner of Police demanding accused to be booked under non-bailable offences. https://t.co/vUmrrQcHhT pic.twitter.com/hSlkVlg5yQ
— ANI (@ANI) September 12, 2020
असल में, नौसेना के पूर्व अधिकारी मदन शर्मा से मारपीट मामले में अरेस्ट सभी आरोपियों को शनिवार दोपहर तक जमानत मिल गई है. सभी आरोपियों को 5 हजार रुपये के मुचलके पर जमानत मिली है. कोरोना महामारी के दिशानिर्देशों को ध्यान में रखते हुए यह जमानत दी गई है. जमानत मिलने के खिलाफ खिलाफ गैर जमानती अपराध का मामला दर्ज करने की मांग करते हुए बीजेपी के कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया.
बता दें कि मुंबई में नौसेना के पूर्व अफसर मदन शर्मा पर हमला मामले में 6 लोग गिरफ्तार किए गए थे. मदन शर्मा से मारपीट करने वालों में शिवसेना के कार्यकर्ता भी शामिल थे. मदन शर्मा का कहना था कि व्हाट्सएप पर एक कार्टून था जिसको शेयर करने से शिवसेना ग्रुप के लोगों को आपत्ति हुई थी. बात करने गए तो 10-15 लोग हमें मिलकर मारने लगे. मुझे कह रहे थे कि तुम आरएसएस, बीजेपी के आदमी हो.