प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने ज़वारेह सोली पूनावाला के परिवार के सदस्यों के खिलाफ दर्ज फेमा (विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम) मामले में 41.64 करोड़ रुपये की तीन अचल संपत्तियों को जब्त कर लिया है. जब्त की गई संपत्तियां मुंबई के वर्ली इलाके में सीजय हाउस में स्थित हैं.
ईडी ज़वारेह सोली पूनावाला और उनके परिवार के खिलाफ फेमा के प्रावधानों के तहत लिबरलाइज्ड रेमिटेंस स्कीम (एलआरएस) के दुरुपयोग के एक मामले की जांच कर रहा है. उसका नाम पनामा पेपर्स के खुलासे में पाया गया था.
ED ने कहा, 'हमारी जांच से पता चला है कि ज़वारेह सोली पूनावाला और उनके परिवार के सदस्यों ने एलआरएस योजना के प्रावधानों का गलत इस्तेमाल करके विदेश में विदेशी मुद्रा भेजी थी. उन्होंने मैक्सिमम लिमिट का उपयोग किया और वर्ष 2011-12 से, उन्होंने पारिवारिक रखरखाव और स्व-रखरखाव के बहाने गलत घोषणाओं के माध्यम से विदेश में पैसा भेजा. हालांकि उनके परिवार का कोई भी सदस्य विदेश में नहीं रह रहा था न ही उनके पास NRI का दर्जा था.
ज़वारेह सोली पूनावाला और उनके परिवार के सदस्यों द्वारा एलआरएस के तहत भेजे गए पूरे पैसे को कथित तौर पर बीवीआई (ब्रिटिश वर्जिन आइलैंड) में स्थित स्टैलास्ट लिमिटेड में निवेश किया गया था. ज़वारेह सोली पूनावाला और उनके परिवार के सदस्यों द्वारा भेजे गए पैसे का कथित रूप से स्टैलास्ट लिमिटेड द्वारा यूके में चार संपत्तियां खरीदने के लिए उपयोग किया गया था. इन संपत्तियों में लंदन के पैडिंगटन में चार अपार्टमेंट शामिल हैं.