scorecardresearch
 

कटप्पा ने बाहुबली को क्यों मारा? उद्धव-शिंदे की जंग में मुंबई से गुवाहाटी तक पोस्टर वॉर

Maharashtra Political Crisis: महाराष्ट्र सियासी संकट पर पोस्टर वॉर जारी है. यह जंग महाराष्ट्र से असम के गुवाहाटी तक दिखाई देने लगी है.

Advertisement
X
महाराष्ट्र संकट पर पोस्टर वॉर छिड़ा
महाराष्ट्र संकट पर पोस्टर वॉर छिड़ा
स्टोरी हाइलाइट्स
  • बागी विधायकों का महाराष्ट्र-गुवाहाटी में विरोध
  • ठाणे में शिंदे के समर्थन में लोग निकलकर सड़कों पर आए

शिवसेना की रार अब महाराष्ट्र से असम के गुवाहाटी तक दिखाई देने लगी है. महाराष्ट्र के अलग-अलग शहरों में बागी विधायकों के खिलाफ प्रदर्शन चल ही रहा था. इस बीच गुवाहाटी में भी एकनाथ शिंदे गुट के खिलाफ पोस्टर देखे गए हैं.

Advertisement

गुवाहाटी में पोस्टर शरद पवार की एनसीपी के स्टूडेंट विंग राष्ट्रवादी विद्यार्थी कांग्रेस ने लगाये हैं. इनपर बागी विधायकों को गद्दार बताया गया है और पीछे बाहुबली फिल्म का पोस्टर लगा है, जिसमें कट्टपा बाहुबली पर पीछे से वार करता है.

लिखा है कि रेडिसन ब्लू के बिल से नहीं. महाराष्ट्र की वीर भूमि में आकर बात होगी. अन्य पोस्टर पर लिखा है कि गुवाहाटी में छिपे गद्दारों को सारा देश देख रहा है. आगे लिखा गया है कि ऐसे फर्जी मक्कारों को जनता माफ नहीं करेगी.

गुवाहाटी में लगे पोस्टर

महाराष्ट्र में भी पोस्टर वॉर

महाराष्ट्र के अलग-अलग शहरों में बागी विधायकों के विरोध और समर्थन में पोस्टर देखे गये हैं. ठाणे जो कि एकनाथ शिंदे का गढ़ माना जाता है वहां उनके समर्थन में  पोस्टर, रैलियां देखने को मिली हैं. 

Advertisement

दूसरी तरफ मुंबई, नासिक में एकनाथ शिंदे के साथ-साथ बाकी बागी विधायकों का विरोध हो रहा है. आज वाशिम में भी बागी विधायकों का विरोध हुआ है.

कहीं पर एकनाथ शिंदे तो कहीं दूसरे बागी विधायकों के पोस्टर फाड़े गये हैं और उनक काली स्याही फेंकी गई है.

गुवाहाटी के रेडिसन ब्लू होटल में रुके बागी विधायकों का पहले भी विरोध हुआ था. तब ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस (TMC) के कार्यकर्ताओं ने होटल के बाहर पहुंचकर नारेबाजी की थी. उनका कहना था कि असम इस वक्त बाढ़ से जूझ रहा है और महाराष्ट्र की राजनीति को महाराष्ट्र तक ही सीमित रहना चाहिए. उन्होंने मांग उठाई थी कि महाराष्ट्र के विधायक जल्द से जल्द असम छोड़ दें.

महाराष्ट्र में बढ़ रहा सियासी संकट 

महाराष्ट्र में उद्धव सरकार पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं. उनके विधायक और सांसद एक-एक करके साथ छोड़ते जा रहे हैं. शिवसेना के कुल 55 विधायकों में से करीब 39 बागी हो चुके हैं और एकनाथ शिंदे से जा मिले हैं.

इसके अलावा शिवसेना के कुल 18 सांसदों में से 14 सांसद भी शिंदे के संपर्क में बताये जा रहे हैं. अगर ऐसा हुआ तो असली शिवसेना कौन का संकट खड़ा हो जाएगा. ऐसे में शिंदे ग्रुप शिवसेना और उसके चुनाव चिन्ह (धनुष-बाण) पर दावा ठोक सकता है.

Advertisement

बागी विधायक भारतीय जनता पार्टी के साथ मिलकर भी सरकार बना सकते हैं. इसपर चर्चा फिलहाल जारी है. इस स्थिति में शिवसेना के बागी विधायकों में से 8 को कैबिनेट मंत्री और 5 को MoS बनाया जा सकता है. इसके अलावा शिंदे को डिप्टी सीएम का पद मिल सकता है. निर्दलीय बागी विधायकों को बीजेपी अपने कोटे से मंत्री बनाये ऐसी शर्त शिंदे गुट ने रखी है.

आज बीजेपी देवेंद्र फडणवीस और एकनाथ शिंदे की दिल्ली में इस बात को लेकर मीटिंग भी हो सकती है. फडणवीस दिल्ली के लिए रवाना हो चुके हैं. वहीं शिंदे बागी विधायकों से मीटिंग करके गुवाहाटी से दिल्ली जा सकते हैं.

 

Advertisement
Advertisement