जवानों का जोश हाई है...देश भर में आज, 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस का उत्साह है. देश की राजधानी दिल्ली के कर्त्तव्य पथ पर 75वें गणतंत्र दिवस समारोह की परेड में काफी कुछ नया देखने को मिलेगा. इस बार का गणतंत्र दिवस समारोह महिला-केंद्रित है. इस बार की थीम भारत का लोकतंत्र और एक विकसित राष्ट्र बनने का संकल्प है.
"विकसित भारत और भारत-लोकतंत्र की मातृका" थीम के साथ, 26 जनवरी को कर्तव्य पथ पर 75वीं गणतंत्र दिवस परेड महिला केंद्रित होगी.
ऐसा पहली बार होने वाला है, जब परेड की शुरुआत भारतीय संगीत वाद्ययंत्रों के साथ 100 महिला कलाकारों द्वारा की जाएगी.
इसके साथ ही परेड में पहली बार सभी महिलाओं की त्रिसेवा टुकड़ी भी मार्च करते हुए दिखाई देगी और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों की टुकड़ियों में भी महिलाकर्मी शामिल होंगी.
रक्षा सचिव का कहना है कि इस साल के गणतंत्र दिवस परेड में महिलाओं का सबसे अच्छा प्रतिनिधित्व देखने को मिलेगा. परेड में फ्रांस की 95 सदस्यीय मार्चिंग टीम और 33 सदस्यीय बैंड दल भी हिस्सा लेंगे.
भारतीय वायु सेना के विमान के साथ, एक मल्टी रोल टैंकर ट्रांसपोर्ट (एमआरटीटी) विमान और फ्रांसीसी वायु सेना के दो राफेल लड़ाकू जेट फ्लाई-पास्ट में भाग लेंगे. बता दें कि गणतंत्र दिवस समारोह में इस बार फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रॉन मुख्य अतिथि होंगे.
महिला मार्चिंग टुकड़ियां परेड का प्रमुख हिस्सा होंगी, जिसमें राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों (यूटी) और केंद्रीय मंत्रालयों की अधिकांश झांकियां देश की समृद्ध सांस्कृतिक विविधता, एकता और प्रगति का प्रदर्शन करेंगी.
एक और अनूठी पहल के तहत संस्कृति मंत्रालय कर्तव्य पथ पर 'अनंत सूत्र - द एंडलेस थ्रेड' कपड़ा स्थापना का प्रदर्शन करेगा. इसे बाड़ों में बैठे दर्शकों के पीछे लगाया जाएगा. 'अनंत सूत्र' साड़ी को एक शानदार सम्मान है, जो फैशन की दुनिया के लिए भारत का उपहार है.
यह अनोखा इंस्टालेशन होगा, जो देश के हर कोने से लगभग 1,900 साड़ियों और पर्दों को प्रदर्शित करेगा, जिन्हें लकड़ी के फ्रेम के साथ ऊंचाई पर लगाया गया है. इसमें क्यूआर कोड होंगे, जिन्हें स्कैन करके इसमें इस्तेमाल की जाने वाली बुनाई और कढ़ाई के बारे में जान सकते हैं.
परेड के दौरान राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों और केंद्रीय मंत्रालयों और विभागों की कुल 16 झांकियां कर्तव्य पथ पर चलेंगी. इसमें अरुणाचल प्रदेश, हरियाणा, मणिपुर, मध्य प्रदेश, ओडिशा, छत्तीसगढ़, राजस्थान, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, लद्दाख, तमिलनाडु, गुजरात, मेघालय, झारखंड, उत्तर प्रदेश और तेलंगाना शामिल होंगे.