लोकसभा चुनाव (Lok Sabha Election 2024) के बाद देश के अलग-अलग राज्यों में खाली हुई विधानसभा सीटों पर उपचुनाव होने हैं. चुनाव आयोग ने आज जम्मू-कश्मीर और हरियाणा विधानसभा चुनावों की तारीखों के ऐलान कर दिया है. जम्मू कश्मीर में तीन तो हरियाणा में एक फेज में वोटिंग होगी, जबकि दोनों जगह मतगणना 4 अक्टूबर को होगी. हालांकि बिहार में उपचुनाव कब होंगे, इसका फिलहाल ऐलान नहीं किया गया है. बता दें कि राज्य में खाली हुईं 4 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव होना है.
सूबे के 4 विधायकों ने लोकसभा चुनाव में अपनी किस्मत आजमाई और कामयाबी हासिल की थी. इसके बाद बिहार की तरारी, रामगढ़, बेलागंज और इमाजगंज विधानसभा सीटें खाली हो गईं. अब इन्हीं सीटों पर उपचुनाव होना है.
उपचुनाव को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने कहा कि 47 सीटों पर उपचुनाव होने हैं. इसमें 46 विधानसभा और एक लोकसभा सीट शामिल है. सीईसी ने कहा कि कुछ राज्यों में मानसून सक्रिय है. वायनाड में प्राकृतिक आपदा आई है. मौसम और परिस्थितियां अनुकूल होते ही वहां उपचुनाव करा देंगे. सीईसी ने कहा कि उपचुनाव अगले 6 महीने के अंदर करा देंगे.
कौन से नेता विधायक से बने सांसद?
साल 2020 में बिहार का विधानसभा चुनाव हुआ था. यहां की तरारी विधानसभा सीट से भाकपा माले के सुदामा प्रसाद विधायक चुने गए थे और वो अब संसद बनकर दिल्ली के सदन पहुंच चुके हैं. वहीं, रामगढ़ विधानसभा सीट से आरजेडी से विधायक रह चुके और पूर्व मंत्री सुधाकर सिंह बक्सर लोकसभा सीट से सांसद चुने गए हैं.
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जहानाबाद के सांसद बने आरजेडी लीडर सुरेंद्र यादव को 2020 में बेलागंज विधानसभा सीट से जीत मिली थी. इसके अलावा, इमामगंज सीट से पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी ने 2020 में विधानसभा चुनाव के दौरान जीत हासिल की थी, जो अब एनडीए सरकार में केंद्रीय मंत्री हैं.
अब इन चारों सीटों पर उपचुनाव होना है. देखना ये होगा कि उपचुनाव में एनडीए अपना जादू चला पाती है या फिर गठबंधन अपना दम दिखाएगा.