राजस्थान के भरतपुर में अवैध खनन के खिलाफ आंदोलन करने वाले संत विजय दास की मौत का मामला गरमा गया है. घटना के दो दिन बाद पुलिस ने सामाजिक कार्यकर्ता की शिकायत पर केस दर्ज किया है. इस मामले में अशोक गहलोत सरकार में मंत्री जाहिदा खान के बेटे पर भी आरोप लगाए गए हैं. शिकायत में कहा गया है कि मंत्री के दबाव में आकर प्रशासन कार्रवाई नहीं कर रहा है. यही वजह है कि लगातार आंदोलन को खत्म करने की कोशिश की जा रही है.
बता दें कि राजस्थान के भरतपुर के पसोपा इलाके में साधु-संत ब्रज क्षेत्र में अवैध खनन रोकने के लिए आंदोलन कर रहे हैं. साधु-संतों की मांग है कि ब्रज क्षेत्र में खनन को तत्काल रोका जाए. संत समाज इसे लेकर डेढ़ साल से भी अधिक समय से धरने पर है. आरोप है कि राजस्थान सरकार में मंत्री जाहिदा खान और उनके बेटे साजिद के दबाव में स्थानीय प्रशासन खुली छूट दिए है, जिससे खनन रोका नहीं जा रहा है. आरोप ये भी है कि मंत्री के बेटे साजिद की लीज और क्रेशर हैं. जिन्हें सरकार बंद नहीं करवा पा रही है. खनन के विरोध में संत नारायण दास बाबा 19 जुलाई से मोबाइल टावर पर चढ़े हुए हैं. साधु-संतों का आरोप है कि पुलिस-प्रशासन ध्यान नहीं दे रहा है.
साधु-संतों ने बताया कि खनन बंद नहीं होने पर संत विजय दास ने आत्मदाह की चेतावनी दी थी. मगर, गंभीरता से नही लिया गया. ना ही खनन रोका गया. संत विजय दास ने बुधवार को अचानक खुद को आग लगा ली. घटना में वे 80 प्रतिशत जल गए. लेकिन शासन-प्रशासन ने सीधे दिल्ली ना भेजकर जयपुर भेजा गया. वहां जब हालत में सुधार नहीं हुआ तो एयर एंबुलेंस या हेलिकॉप्टर से दिल्ली भेजने की बजाय सड़क मार्ग से एम्स ले जाया गया. जहां इलाज के दौरान मौत हो गई.
इस मामले में सामाजिक कार्यकर्ता विजय मिश्रा ने राज्य मंत्री जाहिदा खान के बेटे के खिलाफ खोह थाने में शिकायत दर्ज कराई है. शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि मंत्री के बेटे साजिद क्षेत्र में अवैध खनन करवाते हैं. साजिद पहाड़ी क्षेत्र के प्रधान हैं. उन्होंने कांग्रेस के स्थानीय नेताओं पर भी क्षेत्र में अवैध खनन का आरोप लगाया. शिकायत में कहा गया कि प्रशासन द्वारा 12 अक्टूबर, 2021 को निर्णय लिया गया था कि आदिबद्री क्षेत्र और कंकंचल क्षेत्र में जहां अवैध खनन किया गया था, उसे वन विभाग में ट्रांसफर कर दिया जाएगा. उसके बाद भी क्षेत्र में अवैध खनन जारी रहा, जिसके बाद संतों ने विरोध शुरू किया. विजय मिश्रा ने बताया कि वे पिछले डेढ़ साल से अवैध खनन के खिलाफ आंदोलन का हिस्सा रहे हैं.
इस संबंध में भरतपुर के एसपी श्याम सिंह का कहना था कि मैं REET की तैयारी में व्यस्त था. मामला सामने आएगा तो कार्रवाई की जाएगी. वहीं, मंत्री जाहिदा खान ने कहा कि उन्हें ऐसी किसी शिकायत के बारे में जानकारी नहीं हैं.
(इनपुट- जयकिशन शर्मा)