राफेल लड़ाकू विमान (Rafale) मसले पर कांग्रेस की ओर से शुक्रवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की गई. इस दौरान कांग्रेस नेता रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि राफेल खरीद मामले की जांच होनी चाहिए. सुरजेवाला ने आरोप लगाया कि राफेल सौदे में 21,075 करोड़ का घपला हुआ है. उन्होंने कहा कि संवेदनशील दस्तावेज आखिर मिडिलमैन तक कैसे पहुंचे.
प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कांग्रेस ने एक बार फिर से विमान की कीमतों और कथित भ्रष्टाचार सहित इस सौदे को लेकर कई सवाल खड़े किए. रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि इस सौदे में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हुआ. ये देशद्रोह है. कम से कम सरकारी खजाने को 21,075 करोड़ की चपत लगी. ये राष्ट्रीय सुरक्षा का आपराधिक उल्लंघन है.
गौरतलब है कि फ्रांसीसी मीडिया की खबर सामने आने के बाद बीते दिनों ही राहुल गांधी ने भी राफेल सौदे में एक बिचौलिये को भुगतान किए जाने के दावे को लेकर सरकार की आलोचना की थी. वहीं कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने इस रिपोर्ट पर पीएम नरेंद्र मोदी से सफाई मांगी.
प्रेस कॉन्फ्रेंस में सुरजेवाला ने आरोप लगाया कि खरीद प्रक्रिया में कोई रिश्वत, कोई प्रभाव, कोई बिचौलिया और कोई कमीशन नहीं.. यह महज एक कोड वर्ड था. असल में राफेल सौदे में कमीशनबाजी हुई. कांग्रेस नेता ने कहा कि जब भारतीय सरकार ने IGA पर हस्ताक्षर किए थे, तब यह कोड समझौते का हिस्सा था.
हालांकि, दसॉ एविएशन ने भारत के साथ राफेल जेट विमानों की खरीद में भ्रष्टाचार के आरोपों को खारिज कर दिया. साथ ही कहा कि अनुबंध का किसी भी प्रकार से उल्लंघन नहीं किया गया.