क्राइम ब्रांच ने केपीसीसी (केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी) के अध्यक्ष के सुधाकरन को फेक एंटिक चीटिंग केस के आरोपी मोनसन मावुंगल से कथित रूप से 10 लाख लेने के मामले में नोटिस भेजा है. वहीं, जबकि सुधाकरन का कहना है कि वह कल पेश नहीं होंगे और यह पिनाराई विजयन की राजनीतिक साजिश है.
सुधाकरन के खिलाफ शिकायत है कि अनूप नाम के एक व्यक्ति ने 2018 में मोनसन मावुंगल को उनके कोच्चि कार्यालय में कुछ पैसे दिए थे. सुधाकरन ने कथित तौर पर अनूप से उसके लिए एक एहसान करने का वादा करके 10 लाख रुपये प्राप्त किए. उन्हें कल क्राइम ब्रांच के सामने पेश होने को कहा गया है.
सुधाकरन ने मामले पर कहा, मामला यह है कि मैंने संसद की वित्तीय समिति के स्थायी सदस्य के रूप में वादे किए थे. मैं कभी भी उस समिति का सदस्य नहीं था. आपको उस दावे की सत्यता की जांच करनी चाहिए. पुलिस ने यह नहीं कहा कि मैं आरोपी हूं, उन्होंने मुझे पूछताछ के लिए कभी नहीं बुलाया. मुझे किसी ने नहीं बताया कि मैं आरोपी हूं.
उन्होंने कहा कि किसी भी कीमत पर मैं कल उपस्थित नहीं होऊंगा, मुझे कुछ समय चाहिए जो मैं पुलिस को बता दूंगा. यह एक राजनीतिक साजिश है. पिनाराई को याद रखना चाहिए कि समय इन सबका जवाब देगा. एक आदमी जो केरल के मुख्यमंत्री का पद संभाल रहा है वह लूटपाट के लिए सलाखों के पीछे है.