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भगदड़ के बाद नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर क्राउड मैनेजमेंट का बदला सिस्टम, 6 इंस्पेक्टर किए गए तैनात

दिल्ली पुलिस ने भगदड़ के बाद नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर क्राउड मैनेजमेंट के सिस्टम में बदलवा कर दिया है. पुलिस ने अब भीड़ प्रबंधन के लिए इंस्पेक्टर रैंक के 6 अधिकारियों को तैनात किया है, जिन्हें NDLS में काम करने का पहले से अनुभव है. इनमें से कुछ अधिकारी नई दिल्ली रेलवे पुलिस स्टेशन में एसएचओ के पद पर रह चुके हैं.

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क्राउड मैनेजमेंट सिस्टम में बदलाव. (फाइल फोटो)
क्राउड मैनेजमेंट सिस्टम में बदलाव. (फाइल फोटो)

नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर भगदड़ के बाद दिल्ली पुलिस ने अपने क्राउड मैनेजमेंट सिस्टम को बदल दिया है. पुलिस ने अब भीड़ प्रबंधन के लिए इंस्पेक्टर रैंक के छह अधिकारियों को तैनात किया है. बताया जा रहा है कि इन सभी अधिकारियों को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर काम करने का अनुभव है.  

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जानकारी के अनुसार, ये वह अधिकारी हैं. जिन्हें NDLS में काम करने का पहले से अनुभव है. इनमें से कुछ अधिकारी नई दिल्ली रेलवे पुलिस स्टेशन में एसएचओ के पद पर रह चुके हैं. इन सभी अधिकारियों को दूसरे जिलों से रेलवे स्टेशन पर तैनात किया गया है. इस एक्सरसाइज का उद्देश्य प्रभावी भीड़ प्रबंधन करना है, क्योंकि अधिकारियों को उम्मीद है कि कुंभ के आखिरी कुछ दिनों में प्रयागराज जाने वाले श्रद्धालुओं की भीड़ में इजाफा हो सकता है.

प्लेटफॉर्म पर टिकट की बिक्री बंद

भगदड़ के बाद रेलवे प्रशासन ने नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से प्लेटफॉर्म टिकटों की बिक्री पर 26 फरवरी तक रोक लगा दी है. अब अगर आपके पास जनरल टिकट या रिजर्व टिकट है तभी आप प्लेटफार्म पर जा सकते हैं.

वहीं, शनिवार रात को हुई भगदड़ की शुरुआत जांच में पता चला था कि नई दिल्ली स्टेशन पर हर घंटे रेलवे ने 1500 जनरल टिकट बेचे गए थे. रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के जवानों की तैनाती संतुलित नहीं थी, जिससे भीड़ को काबू करने में मुश्किलें आईं और स्थिति बिगड़ गई.

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कैसे हुई भगदड़

बता दें कि शनिवार को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर 14 पर प्रयागराज जाने वाली ट्रेन का इंतजार कर रहे थे और अन्य यात्री भी वहां पहुंचने की कोशिश कर रहे थे. इसी बीच रेलवे ने अचानक प्लेटफॉर्म नंबर 16 से एक विशेष ट्रेन के आने की घोषणा की थी. इसके बाद जो यात्री पहले से प्लेटफॉर्म 14 पर जाने की कोशिश कर रहे थे, वह घोषणा के बाद प्लेटफॉर्म 16 की ओर भी दौड़ पड़े, जिससे अफरा-तफरी मच गई और भीड़ बेकाबू हो गई. और लोग एक-दूसरे पर गिरने लगे. यही भगदड़ का कारण बना. भगदड़ में 18 लोगों की मौत हो गई और कई लोग घायल हो गए. मरने वालों में 9 महिलाएं, 4 पुरुष और 5 बच्चे शामिल हैं जो बिहार, दिल्ली और हरियाणा के रहने वाले हैं. घटना के बाद रेलवे ने इस मामले में उच्चस्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं.

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