भारतीय सेना दिवस (Indian Army Day) के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सेना की सराहना करते हुए शुभकामनाएं दीं. उन्होंने कहा कि देश के हर व्यक्ति को सेना पर गर्व है. पीएम मोदी ने कहा कि सैनिकों ने हमेशा हमारे देश को सुरक्षित रखा है और संकट के समय उनकी सेवा के लिए सैनिकों की हमेशा प्रशंसा की जाती है. प्रधानमंत्री ने ट्वीट कर कहा कि सेना दिवस पर, मैं सभी सैन्य कर्मियों और उनके परिवारों को शुभकामनाएं देता हूं.
रविवार को थलसेनाध्यक्ष जनरल मनोज पांडे ने भी सेना दिवस पर संबोधन दिया. उन्होंने उन सभी सैनिकों को बधाई दी, जिन्होंने वीरता पुरस्कार और प्रशस्ति पत्र प्राप्त किए. आर्मी चीफ ने कहा कि यह पहली बार है जब सेना दिवस परेड दिल्ली के बाहर आयोजित की गई. इससे नागरिक-सैन्य नेतृत्व को और बढ़ावा मिलेगा. फील्ड मार्शल केएम करिअप्पा मधिपेरी में बेंगलुरु के पास रहते थे, जो इस स्थान को अद्वितीय बनाता है.
सैन्य प्रमुख ने आगे कहा कि सेना युद्ध की तैयारी सुनिश्चित करने और नवीनतम तकनीक को अपनाने के लिए उपाय कर रही है. एलएसी पर हम किसी भी आकस्मिक स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं. पश्चिमी मोर्चे पर संघर्ष विराम उल्लंघन में भारी गिरावट आई है. हमारा काउंटर इनफिल्ट्रेशन ग्रोव यह सुनिश्चित करता है कि सीमा पार घुसपैठ की कोशिशें कामयाब न हो पाएं.
उन्होंने कहा कि जम्मू और कश्मीर के लोगों ने हिंसा को खारिज कर दिया है. हालांकि कुछ आतंकी समूह नागरिकों को निशाना बना रहे हैं. सशस्त्र बलों यह सुनिश्चित करने में लगे हुए हैं कि इन आतंकवादियों के किसी भी प्रयास को विफल कर दिया जाए. सरकारी उपायों के जरिए सुनिश्चित किया जा रहा है कि उत्तर पूर्व के कट्टरपंथी समूह मुख्यधारा में शामिल हो जाएं.
आर्मी चीफ ने आगे बताया कि अग्निवीरों के पहले बैच का प्रशिक्षण शुरू हो गया है. अग्निवीर बनने के 4 साल बाद जो सैनिक नागरिक जीवन में वापस आएंगे, उनके पास कई कौशल होंगे और वे बहुत बड़ा योगदान देंगे. उन्होंने आगे कहा कि हम हमेशा अपनों का ख्याल रखेंगे. यह बात मैं उन जवानों के परिवारों तक पहुंचाना चाहता हूं, जिन्होंने ड्यूटी के दौरान अपनी जान गंवाई है.
15 जनवरी को क्यों मनाया जाता है सेना दिवस?
यह दिन भारत के लोगों द्वारा फील्ड मार्शल कोडंडेरा एम. करियप्पा (Kodandera M. Cariappa) के सम्मान में मनाया जाता है. उन्होंने 15 जनवरी 1949 को देश के पहले मुख्य कमांडर का पद संभाला था.
कैसे मनाया जाता है आर्मी डे?
राष्ट्रीय राजधानी नई दिल्ली सहित सभी मुख्यालयों पर धूमधाम से मनाया जाता है. इस दिन परेड और अन्य सैन्य शो आयोजित किए जाते हैं. मुख्य सेना दिवस परेड दिल्ली छावनी के करियप्पा परेड ग्राउंड में आयोजित की जाती है. इस दिन सेना पदक और वीरता पुरस्कार भी दिए जाते हैं.