असम के गुवाहाटी में एक 8 वर्षीय लड़के का शव रविवार को एक नाले से मिला है. खबरों के मुताबिक बच्चा तीन दिन पहले एक नाले में गिरकर बह गया था. रविवार सुबह शव मिलने के बाद बच्चे का रेस्क्यू ऑपरेशन सुबह खत्म हो गया. अस्पताल के सूत्रों के अनुसार, बच्चे के पिता हीरालाल और उनकी पत्नी ने गुवाहाटी मेडिकल कॉलेज में शव की पहचान की. जांच की प्रक्रिया जारी है.
ज्योतिनगर इलाके में गुरुवार शाम तेज बारिश में घर जाते समय अविनाश अपने पिता के स्कूटर से फिसल गया. हीरालाल ने अपने बेटे को पकड़ने की कोशिश की, लेकिन वह पानी के बहाव में बह गया. तब से, माता-पिता अपने बेटे के जीवित मिलने की उम्मीद में उसकी खोजबीन कर रहे थे.
बच्चे को खोजने के लिए एनडीआरएफ और एसडीआरएफ और अन्य एजेंसियों को शामिल करते हुए एक बड़े पैमाने पर खोज अभियान शुरू किया गया था. इस नाले को खंगालने के लिए डॉग स्क्वॉड और कई गोताखोर भी शामिल हुए. एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि बचाव एजेंसियों ने पहाड़ी ज्योतिनगर से चार किमी से अधिक नीचे राजगढ़ इलाके में शव बरामद किया, जहां लड़का नाले में गिर गया था.
असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बच्चे की मौत पर शोक व्यक्त किया और बचावकर्मियों को धन्यवाद दिया. उन्होंने शनिवार को तलाशी क्षेत्र का दौरा किया था. उन्होंने कहा कि "गहरा दुख हुआ! भारी मन से हमें पता चला कि बच्चे का शव मिल गया है. इस अकल्पनीय समय में उसके माता-पिता और परिवार के प्रति मेरी गहरी संवेदना है. मैं एनडीआरएफ, एसडीआरएफ के समर्पित कर्मियों के प्रति भी हार्दिक आभार व्यक्त करता हूं. पुलिस और जिला प्रशासन को खोज और बचाव कार्यों में उनके अथक प्रयासों के लिए धन्यवाद.''
शनिवार को सरमा ने ज्योतिनगर का दौरा किया और हीरालाल और उनकी पत्नी को सांत्वना दी, उनसे घर लौटने का आग्रह किया और तलाश जारी रखने का वादा भी किया. मुख्यमंत्री ने परिवार को सहायता की पेशकश की. मुख्यमंत्री ने शनिवार रात कहा, “हम सभी को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि वे (माता-पिता) घर लौट आएं और उन्हें कठोर सच्चाई का सामना करने के लिए तैयार करें. अगर अब माता-पिता को कुछ हो गया तो हम खुद को माफ नहीं कर पाएंगे. बचावकर्मियों ने बच्चे के घटना स्थल से और नीचे की ओर बह जाने की आशंका जताई थी. अधिकारियों ने प्रवाह की मैपिंग की और निचले इलाकों में कंक्रीट स्लैब हटाकर खोज की गई. सीएम सोमवार को पीड़ित परिवार से मिलने जा सकते हैं.
हालांकि, मुख्यमंत्री ने इस घटना के लिए सरकारी लापरवाही के आरोप को खारिज कर दिया और कहा कि गुवाहाटी जैसे बड़े शहर में कुछ समस्याएं होंगी. उन्होंने कहा कि जहां भी बताया जाएगा, प्रशासन उन्हें सुधारने के लिए तैयार है.
Report: Saraswat Kashyap