scorecardresearch
 

Agni 3 Missile: अग्नि 3 मिसाइल का सफल परीक्षण, 3 हजार KM दूर बैठे दुश्मन को बना सकती है निशाना

अग्नि-3 मिसाइल पहले ही सेना में शामिल की जा चुकी है. इसकी लंबाई 17 मीटर, व्यास 2 मीटर और वजन करीब 50 टन है है. 2019 में इसका रात में भी परीक्षण किया गया था. ये मिसाइल अपने साथ 1.5 टन का हथियार ले जाने में सक्षम है.

Advertisement
X
अग्नि 3 मिसाइल का सफर ट्रेनिंग लॉन्च
अग्नि 3 मिसाइल का सफर ट्रेनिंग लॉन्च

भारत ने लंबी दूरी तक वार करने वाली इंटरमीडिएट रेंज बैलिस्टिक मिसाइल अग्नि -3 का बुधवार को सफल ट्रेनिंग लॉन्च (परीक्षण) किया. 3 हजार किमी तक रेंज वाली परमाणु क्षमता से लैस मिसाइल को ओडिशा स्थित एपीजे अब्दुल कलाम द्वीप से लॉन्च किया गया है. रक्षा मंत्रालय ने अपने बयान में कहा है कि लॉन्च एक पूर्व निर्धारित सीमा के लिए किया गया था और इस दौरान सभी परिचालन मानकों का ध्यान रखा गया था. 

Advertisement

बता दें कि अग्नि-3 मिसाइल पहले ही सेना में शामिल की जा चुकी है. इसकी लंबाई 17 मीटर, व्यास 2 मीटर और वजन करीब 50 टन है है. 2019 में इसका रात में भी परीक्षण किया गया था. अग्नि-3 की गुणवत्ता के परीक्षण के लिए कई बार पहले भी टेस्ट किए जा चुके हैं. इस मिसाइल की खासियत है कि इसमें 2 चरणों में प्रोपेलेंट भरा जाएगा. ये मिसाइल अपने साथ 1.5 टन का हथियार ले जाने में सक्षम है. 

बता दें कि मिसाइलों की अग्नि श्रृंखला में अब अग्नि-1 (700 किमी), अग्नि-2 (2,000 किमी), अग्नि-3 (3,000 किमी), अग्नि-4 (4,000 किमी) और 5,000 किमी की सबसे लंबी मारक क्षमता वाली अग्नि-5 शामिल है.

डीआरडीओ के सूत्रों ने कहा कि 700 किलोमीटर की मारक क्षमता वाली अग्नि-1 का इस्तेमाल कम से कम 220 किलोमीटर के लक्ष्य को भेदने के लिए किया जा सकता है, जो पृथ्वी श्रृंखला की मिसाइलों द्वारा कवर की गई रेंज को कवर करने में मदद करेगी, जो 150 किमी से 350 किमी के बीच लक्ष्य को भेद सकती हैं.

Advertisement

अग्नि और सामरिक क्रूज मिसाइल ब्रह्मोस के साथ भारत आसानी से 30 से 5,000 किलोमीटर के बीच टारगेट को निशाना बना सकता है. ब्रह्मोस 30 से 300 किमी के लक्ष्य को मार गिरा सकती है, जबकि अग्नि उससे आगे की दूरी पर टारगेट को साध सकती है. 

Advertisement
Advertisement