India Today Conclave 2024: इंडिया टुडे कॉन्क्लेव 2024 के पहले दिन 'मदर ऑफ ऑल मिस्ट्रीज सेशन में इंद्राणी मुखर्जी ने शिरकत की. इस दौरान उनकी हाल ही में आई डॉक्यूमेंट्री बरीड ट्रुथ: द इंद्राणी मुखर्जी स्टोरी' समेत कई मुद्दों पर चर्चा की गई. इंद्राणी मुखर्जी ने नेटफ्लिक्स पर आई उनकी डॉक्यूमेंट्री के बारे में बात करते हुए बताया कि वह पद्म श्री पुरस्कार की हकदार क्यों हैं. डॉक्यूमेंट्री, 'बरीड ट्रुथ: द इंद्राणी मुखर्जी स्टोरी', शीना बोरा हत्याकांड पर आधारित है जिसमें इंद्राणी मुख्य आरोपी हैं.
कोनक्लेव के सेशन में इंद्राणी मुखर्जी ने शीना बोरा की हत्या की जांच के दौरान मीडिया ट्रायल के बारे में भी बात की. उन्होंने कहा, "काफी प्रचार हुआ है और मैं मीडिया ट्रायल से गुजरी हूं. मैं उस जगह रह चुकी हूं जहां लोग इसके बारे में खूब बात करते थे. बहुत सारे लोग डॉक्यूमेंट्री ('बरीड ट्रुथ: द इंद्राणी मुखर्जी) के आने से काफी पैसे कमा रहे हैं. न केवल प्रोडक्शन हाउस बल्कि मीम्स बनाने वाले भी. इंद्राणी ने हंसते हुए कहा, "शायद मैंने मीडिया में योगदान दिया क्योंकि मैंने एक हॉट टॉपिक दिया था. मैंने भारत की अर्थव्यवस्था में योगदान दिया है. इसलिए मुझे पद्म श्री मिलना चाहिए."
नेटफ्लिक्स डॉक्यूमेंट्री में, एक सेगमेंट आता है, जहां इंद्राणी का दावा है कि उनके अपने पिता ने उनका रेप किया था, जिसके परिणामस्वरूप शीना का जन्म हुआ. यह भी बताया गया कि इंद्राणी ने अपने दो बच्चों शीना और मिखाइल बोरा को बचपन में ही अपने माता-पिता के पास छोड़ दिया था. डॉक्यूमेंट्री रिलीज होने के तुरंत बाद, सवाल उठे कि इंद्राणी अपने बच्चों को एक कथित अपराधी के पास क्यों छोड़ेगी.
इस बारे में बात करते हुए इंद्राणी मुखर्जी ने कहा, "उस समय, यह एक बहुत ही स्वार्थी कार्य था. लेकिन उस समय यह मेरे लिए अस्तित्व का सवाल था. यह एक गलत निर्णय था. मेरे बच्चे भाग्यशाली रहे हैं कि कुछ नहीं हुआ. अगर मैं वहां रहती तो मैं सुसाइड कर लेती.उस समय ऐसा ही महसूस हुआ था."
उन्होंने कहा, "मुझमें लड़ने और अपने बच्चों को वापस लेने की क्षमता नहीं थी. यह काफी हृदय विदारक था. जब मैं अपने बच्चों से मिलने वापस गई, तो वे मुझे पहचान नहीं पाए. मैं वापस आ गई. मैं 21 साल की थी. इसके बाद मैंने तब तक कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा जब तक मेरे माता-पिता आर्थिक मदद मांगने के लिए मेरे पास नहीं आए."
इंद्राणी ने यह भी कहा कि जब उनके पूर्व पति पीटर मुखर्जी उनकी गिरफ्तारी के बाद दो घंटे के लिए गायब हो गए और फिर पूरी तरह से गायब हो गए तो उन्हें ठगा हुआ महसूस हुआ.
उन्होंने कहा, "वह मेरी जिंदगी में कभी वापस नहीं आए. जब मैं बीमार थी तो वह मुझसे मिलने नहीं आए. जिस दिन मुझे गिरफ्तार किया गया, पीटर ने एक सोसायटी को विधि (उनके दूसरे पति संजीव खन्ना से उनकी बेटी) के नाम प्रॉपर्टी ट्रांसफर रोकने के लिए लिखा था."
इंद्राणी ने कहा, "जिस दिन आपकी पत्नी को गिरफ्तार किया जाएगा, उस दिन आप केवल प्रॉपर्टी ट्रांसफर रोकने के लिए सोसायटी को लिखने के बारे में सोच सकते हैं? अगर मैं उनकी जगह पर होती, तो मैं उनके लिए वहां होती."