बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री इस समय सुर्खियों में हैं. उन पर अंधविश्वास फैलाने के आरोप लगाए जा रहे हैं. वहीं 'सरकार' इसे सनातन धर्म पर हमला बता रहे हैं. भारत को हिंदू राष्ट्र बनाने की बात कर रहे हैं. दूसरी ओर रामचरितमानस की कुछ चौपाइयों पर भी विवाद खड़ा हो गया है. कुछ लोग इसे रामचरितमानस से निकालने की बात कर रहे हैं. ऐसे में आजतक ने बात की श्री चित्रकूट तुलसी पीठाधीश्वर स्वामी श्री राम भद्राचार्य से. जिन्हें धीरेंद्र शास्त्री अपना गुरु मानते हैं. भद्राचार्य नेत्रहीन हैं और उन्हें मानस मर्मज्ञ माना जाता है. उन्हें पद्म विभूषण से भी सम्मानित किया जा चुका है.
स्वामी प्रसाद मौर्य के रामचरितमानस पर दिए बयान पर भद्राचार्य ने कहा कि वो सठिया गए हैं. स्वामी प्रसाद मौर्य की बुद्धि भ्रष्ट हो गई है. स्वामी रामभद्राचार्य ने कहा कि विनाशकाले विपरीत बुद्धि.
धीरेंद्र शास्त्री का किया समर्थन
इसके अलावा उन्होंने बागेश्वर धाम के पीठाधेश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के मुद्दे पर भी बात की. धीरेंद्र शास्त्री द्वारा हिन्दू राष्ट्र को लेकर दिए बयान को लेकर बोले कि हिंदू राष्ट्र के लिए हमें यत्न करते रहना चाहिए. साथ ही उन्होंने कहा ये कब होग ये तो भगवान जाने लेकिन हमें कोशिश करनी चाहिए.
'संशोधित और संपादित का फर्क समझें'
इसके अलावा रामचरित मानस को संशोधित करने के आरोप पर बोले कि मैं 20 बार कह रहा हूं कि मैंने संशोधन किया ही नहीं था. पूछने वाले मूर्खों को संशोधन और संपादन का अंतर ही समझ नहीं आ रहा तो मैं क्या करूं. उन्होंने कहा- मुकदमा चला तो आरोप खारिज हो गए.
अखाड़ा परिषद और राम जन्म भूमि न्यास द्वारा आपत्ति के मुद्दे पर स्वामी रामभद्राचार्य महाराज बोले कि वो तो मूर्ख लोग हैं, रामजन्म भूमि पर न्यास ने नहीं अखाड़ा परिषद ने आपत्ति की थी. सब मुकदमों से मेरे अनुकूल निर्णय आ गया है और उन सभी का मुंह बंद हो गया है.
'जल्द ही भारत में मिल जाएगा PoK'
पाक अधिकृत कश्मीर को भारत में मिलाने को लेकर उन्होंने कहा, पाक अधिकृत कश्मीर हमको मिलना ही चाहिए. स्वामी रामभद्राचार्य महाराज ने बताया, इसके लिए मैंने राजस्थान के सालासर बालाजी में 1008 कुंडी हनुमान महायज्ञ किया था. मुझे विश्वास है कि पाक अधिकृत कश्मीर तो हमें बहुत शीघ्र मिल जाएगा लेकिन हिंदू राष्ट्र के लिए हमें थोड़ी प्रतीक्षा करना पड़ेगी.