दिल्ली के कथित शराब घोटाला मामले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग केस में गिरफ्तार तेलंगाना BRS की नेता के कविता की ईडी रिमांड 3 दिन के लिए बढ़ गई है. उनकी कस्टडी खत्म होने पर आज उन्हें PMLA कोर्ट के समक्ष पेश किया गया. ED ने के कविता की रिमांड 5 दिन बढ़ाने की मांग की, लेकिन कोर्ट ने तीन दिन की रिमांड दी. कोर्ट से निकलते समय के कविता ने कहा उनकी गिरफ्तारी अवैध है, साथ ही उन्होंने कहा कि चुनाव के समय इतने सारे राजनीतिक नेताओं की गिरफ्तारी पर चुनाव आयोग को संज्ञान लेने की आवश्यकता है.
कोर्ट में जाने से पहले के. कविता ने अपनी गिरफ्तारी को अवैध बताया. उन्होंने इसे राजनीतिक मामला बताया. के. कविता कहा कि यह अवैध गिरफ्तारी है. हम कोर्ट में लड़ेंगे, यह राजनीतिक मामला मनगढ़ंत है. इस केस में ईडी ने कहा कि एजेंसी ने के.कविता के फोन से डेटा निकाला है. ED का कहना है कि विश्लेषण से डिजिटल सबूतों को नष्ट करने का पता चलता है. ईडी ने आगे कहा कि वे कविता के भतीजे से पूछताछ करना चाहते हैं.
कविता के वकील ने जमानत के लिए याचिका दायर की है. ईडी ने समीर महेंद्रू से पूछताछ के लिए एक आवेदन दायर किया है. कोर्ट ने इस पूरे मामले में आदेश सुरक्षित रख लिया है.
ईडी ने कोर्ट में कहा कि पिछले 7 दिनों की जांच में यह पता चला है कि मीका सरन (के. कविता का भतीजा) इंडो स्पिरिट्स (कविता और समीर महेंद्रू और एमएसआर द्वारा निर्मित) से हुए कमाई को ट्रांसफर करने में शामिल था. 15 मार्च को कविता के आवास पर तलाशी के दौरान मीका सरन का एक फोन जब्त किया गया. ईडी ने इन हालिया निष्कर्षों के आधार पर के. कविता की हिरासत मांगी थी.
के. कविता पर कैसे आई जांच की आंच?
पिछले साल दिसंबर में ईडी ने अमित अरोड़ा की रिमांड रिपोर्ट में बताया था कि आम आदमी पार्टी के नेताओं की ओर से विजय नायर और दूसरे लोगों को 'साउथ ग्रुप' ने 100 करोड़ की रिश्वत दी थी. 11 दिसंबर को सीबीआई की टीम ने हैदराबाद में कविता के घर पर उनसे पूछताछ की. 22 दिसंबर को ईडी ने चार्जशीट में दावा किया कि कविता के मालिकाना हक वाले ग्रुप ने विजय नायर को 100 करोड़ की रिश्वत दी थी. ईडी ने फरवरी में सीबीआई ने सीए बुचीबाबू गोरंतला को गिरफ्तार किया.
माना जाता है कि गोरतला कविता का अकाउंट संभाला करता था. ईडी ने 7 मार्च को हैदराबाद के कारोबारी अरुण रामचंद्रन पिल्लई को गिरफ्तार किया. पिल्लई ने ईडी को पूछताछ में बताया कि कविता और आम आदमी पार्टी के बीच एक समझौता हुआ था. इसके तहत 100 करोड़ का लेनदेन हुआ, जिससे कविता की कंपनी इंडोस्पिरिट्स को दिल्ली के शराब कारोबार में एंट्री मिली. पिल्लई ने बताया कि एक मीटिंग हुई थी, जिसमें वो, कविता, विजय नायर और दिनेश अरोड़ा मौजूद थे. इस मीटिंग में दी गई रिश्वत की वसूली पर चर्चा हुई थी.