राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ का इस्तीफा स्वीकार कर लिया है. बता दें कि धनखड़ को राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) ने वाइस प्रेसिडेंट पद के उम्मीदवार के रूप में नामित किया है. इसके चलते अब मणिपुर के राज्यपाल ला गणेशन को पश्चिम बंगाल का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है.
भारतीय जनता पार्टी ने शनिवार को उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए धनखड़ की उम्मीदवारी की घोषणा की थी. इसके बाद देर रात जारी विज्ञप्ति में कहा गया, 'भारत के राष्ट्रपति ने पश्चिम बंगाल के राज्यपाल के रूप में जगदीप धनखड़ का इस्तीफा स्वीकार कर लिया है.'
राष्ट्रपति कोविंद ने मणिपुर के राज्यपाल ला गणेशन को पश्चिम बंगाल के राज्यपाल के कार्यों का निर्वहन करने के लिए जिम्मेदारी दी है.
बता दें कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने भारत के अगले उपराष्ट्रपति के लिए पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ को NDA की ओर से उम्मीदवार बनाया है. छह अगस्त को उपराष्ट्रपति का चुनाव होना है. जगदीप धनखड़ अगर उपराष्ट्रपति चुने जाते हैं तो फिर 2023 में राजस्थान और 2024 में हरियाणा में होने वाले विधानसभा चुनावों में भाजपा को मदद मिल सकती है.
शनिवार को एनडीए की ओर से उपराष्ट्रपति पद के लिए जगदीप धनखड़ के नाम की घोषणा करते हुए भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने उन्हें किसान पुत्र बताया था. उन्होंने ये भी कहा था कि धनखड़ ने खुद को जनता के राज्यपाल के रूप में स्थापित किया है. जेपी नड्डा ने धनखड़ की विनम्र पृष्ठभूमि और लोगों से जुड़ने की क्षमता के बारे में भी चर्चा की थी.
उधर, विपक्ष ने भी उपराष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार का नाम फाइनल कर दिया है. पूर्व राज्यपाल मार्गरेट अल्वा को उम्मीदवार बनाया गया है.