आज देश स्वतंत्रता सेनानी नेताजी सुभाषचंद्र बोस की 128वीं जयंती मना रहा है. इस मौके पर ओडिशा हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की गई है जिसमें मांग की गई है कि बोस को आधिकारिक तौर पर राष्ट्रपुत्र घोषित किया जाए.
याचिका में आजाद हिंद फौज के स्थापना दिवस को नेशनल डे घोषित करने की भी मांग की गई है. कटक से सामाजिक कार्यकर्ता पिनाक पानी मोहंती ने याचिका दायर कर कहा कि देश की आजादी के लिए नेताजी के बलिदान की वजह से उन्हें राष्ट्रपुत्र के तौर पर मान्यता देनी चाहिए.
याचिका में आजाद हिंद फौज के स्थापना दिवस 21 अक्टूबर को नेशनल डे घोषित करने की भी मांग की गई. इन मांगों के अलावा मोहंती ने भी मांग की है कि नेताजी के रहस्यमयी तरीके से लापता होने के सच को भी सार्वजनिक किया जाए. उन्होंने नेताजी के लापता होने को लेकर जस्टिस मुखर्जी आयोग की रिपोर्ट भी सार्वजनिक करने की मांग की है.
इससे पहले मोहंती ने इस मामले पर प्रधानमंत्री मोदी और गृह मंत्रालय को ज्ञापन सौंपा था लेकिन कोई जवाब नहीं मिलने पर उन्होंने हाईकोर्ट का रुख किया.
बता दें कि इस मामले पर ओडिशा हाईकोर्ट के कार्यवाहक जस्टिस अरिंदम सिन्हा और जस्टिस मृगांक शेखर साहू की पीठ के समक्ष सुनवाई हुई. कोर्ट ने केंद्र और राज्य सरकार को नोटिस जारी करते हुए इस पर जवाब देने को कहा. इस मामले पर अगली सुनवाई 12 फरवरी को होगी.