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पाकिस्तान से अपने प्यार (सचिन) के लिए भारत आई सीमा हैदर को लेकर अब तरह तरह की खबरें सामने आ रही हैं. कोई सीमा हैदर को आईएसआई का एजेंट बता रहा है तो कोई इसे बड़ी साजिश का चेहरा बता रहा है. इसी बीच सीमा हैदर और सचिन के खिलाफ ग्रेटर नोएडा से रबूपुरा में दर्ज FIR की कॉपी सामने आई है. इसमें सीमा और सचिन को लेकर तमाम बड़े खुलासे हुए हैं. FIR कॉपी से पता चलता है कि कैसे सीमा पहली बार सचिन से मिली, वह पाकिस्तान से भारत कैसे आई और डेढ़ महीने सचिन के साथ कैसे समय बिताया और आखिर कैसे वह पुलिस के हत्थे चढ़ गई?
कैसे हुई दोनों की मुलाकात?
FIR के मुताबिक, सीमा को 2019 में ऑनलाइन पब्जी गेम खेलते हुए ग्रेटर नोएडा के रबूपुरा के रहने वाले सचिन मीणा से प्यार हो गया. धीरे धीरे प्यार बढ़ता गया और सचिन और सीमा ने जीवनभर साथ बिताने का फैसला किया. सबसे पहले दोनों ने मुलाकात करने की सोची.
सीमा हैदर ने पुलिस को बताया कि भारत का वीजा न मिलने पर उसने नेपाल का वीजा लिया. इसके बाद वह 10 मार्च 2023 को शारजहां होते हुए नेपाल पहुंची. वहां सचिन मीणा भी उनसे मिलने पहुंचा था. दोनों ने काठमांडू में न्यू विनायक होटल में एक कमरा लिया और यहां दोनों सात दिनों तक रहे. इसके बाद सीमा पाकिस्तान लौट गई.
इसके दो महीने बाद सीमा फिर से टूरिस्ट वीजा लेकर नेपाल पहुंची. इस बार सीमा अपने साथ चार बच्चे भी लेकर आई. सीमा के मुताबिक, वह चार बच्चों के साथ काठमांडू से पोखरा तक वैन गाड़ी से पहुंची. रात होने की वजह से वह वही रुकी. इसके बाद अगले दिन उसने पोखरा से दिल्ली की बस पकड़ ली.
पोखरा से दिल्ली आने के लिए सीमा एसी डिलक्स में तीन टिकट बुक करवाईं. इसके लिए उसने 15 हजार नेपाली रुपये का भुगतान किया. यात्रा के दौरान सीमा हैदर लगातार सचिन के संपर्क में थीं. एफआईआर के मुताबिक अपने चार बच्चों के साथ 13 जुलाई की रात सीमा हैदर यमुना एक्सप्रेस-वे पर फलैदा कट के पास उतर गई, जहां सचिन उसका इंतजार कर रहा था.
FIR की पूरी कॉपी पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें:
गिरफ्तारी से पहले 2 महीने भारत में रही सीमा
FIR के मुताबिक, सीमा और उसके बच्चे सचिन के साथ रबूपुरा के अंबेडकर मोहल्ले में किराए के कमरे में रहने लगे. सचिन यहां एक किराना दुकान में पिछले 3 साल से काम कर रहा है. 4-5 दिन बात सचिन ने सीमा के भारत आने की बात अपने पिता नेत्रपाल को बताई. इसके बाद नेत्रपाल ने सीमा से मिलने की इच्छा जाहिर की, जिसके बाद सचिन ने एक जंगल में सीमा को अपने पिता से मिलवाया.
इस दौरान सचिन ने अपने पिता से सीमा से शादी की बात कही. नेत्रपाल ने इसके जवाब में सीमा से कहा कि आप यहां आ गई हो, लेकिन आप पाकिस्तान से हैं और आपके बच्चों का रहन सहन पाकिस्तान का है. आप यहां का रहन सहन सीख लो, तो हम आपकी शादी सचिन से करवा देंगे.
कोर्ट मैरिज में लगा अडंगा
FIR के मुताबिक, सीमा ने पुलिस को बताया कि 30 जून को सचिन बुलंदशहर गया था. कुछ देर बाद नेत्रपाल उसके पास आए, उन्होंने कहा कि अपने कागजात ले लो, सचिन बुला रहा है. आज सचिन और उसकी कोर्ट मैरिज करा देते हैं. तब सीमा अपने बच्चों के साथ कागजात लेकर बुलंदशहर कोर्ट आई. जहां वकील ने पासपोर्ट और कागज देखकर कहा कि वह पाकिस्तान की रहने वाली है, इसलिए उसकी शादी सचिन से नहीं हो सकती.
इसके बाद सचिन, सीमा और उसके पिता बच्चों के साथ रबूपुरा वापस आ गए. लेकिन रात में सभी को डर लगने लगा कि कहीं पुलिस को कोई सूचना न हो जाए और वे लोग पकड़े जाएं.
ऐसे पकड़े गए सीमा-सचिन
इससे बाद 30 जून की ही रात को सचिन और सीमा रात को नेत्रपाल से खर्चा लेकर बच्चों के साथ रबूपुरा से भाग गए. ये दिल्ली जाना चाहते थे. ऐसे में रबूपुरा से हरियाणा के बल्लभगढ़ पहुंचे. उधर, इसी बीच पुलिस को पाकिस्तानी महिला के रबूपुरा में रहने की सूचना मिली. पुलिस 1 जुलाई को सीमा और सचिन की तलाश में किराए के मकान पर पहुंची, जहां वे रह रहे थे. लेकिन कोई नहीं मिला.
FIR के मुताबिक, पुलिस को तीन जुलाई को मुखबिर से सीमा और सचिन के हरियाणा में छिपे होने की सूचना मिली. इसके बाद पुलिस ने 4 जुलाई को हरियाणा के बल्लभगढ़ से सचिन, सीमा और उसके चार बच्चों को हिरासत में लिया. पुलिस ने सीमा, सचिन मीणा और उसके पिता नेत्रपाल के खिलाफ विदेशी अधिनियम 1946 की धारा 14 और भारतीय दंड संहिता की धारा 120 बी के तहत मामला दर्ज किया. हालांकि, सचिन और सीमा को 7 जुलाई को कोर्ट से जमानत मिल गई.
सीमा के पास से पुलिस को ये सामान हुआ बरामद
सीमा और सचिन के पास से पुलिस ने 2 वीडियो कैसेट, 4 मोबाइल फोन, 1 टूटा मोबाइल, 1 परिवार रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट, 4 जन्म प्रमाण पत्र, 1 मैरिज रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट, 3 आधार कार्ड और एक गर्वमेंट ऑफ पाकिस्तान नेशनल डाटाबेस एंड रजिस्ट्रेशन अथॉर्टी मिनिस्ट्री ऑफ इंटीरियर सूची, 6 पासपोर्ट, 5 वैक्सीन कार्ड और 1 बस की टिकट पोखरा काठमांडू से दिल्ली तक की.