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CUET UG Exam के दौरान आई तकनीकी खराबी को लेकर अब राजनीति भी हो रही है. विपक्ष ने इसे लेकर सरकार पर निशाना साधा है. कांग्रेस की नेता प्रियंका गांधी वाड्रा ने जहां इसे युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ बताया है, वहीं राहुल गांधी ने तंज कसते हुए कहा कि ये सरकार के अमृतकाल की नई एजुकेशन पॉलिसी है.
राहुल गांधी ने ट्वीट किया है-‘अमृतकाल’ की नयी एजुकेशन पॉलिसीः Exam से पहले ‘परीक्षा पर चर्चा’, Exam के वक्त ‘No पर्चा, No चर्चा’, Exam के बाद अंधकार में भविष्य. जो CUET के छात्रों के साथ हो रहा है, वो आज देश के हर युवा की कहानी है. 4 लोगों की तानाशाही देश को बर्बाद करने में कोई कसर नहीं छोड़ रही है.
वहीं प्रियंका गांधी ने ट्वीट कर सवाल उठाया- ‘तकनीकी’ गड़बड़ी की वजह से 50,000 से ज्यादा छात्र CUET की परीक्षा नहीं दे सके. क्या ये सरकार हमारे छात्रों के प्रति इतनी असंवेदनशील है कि वह अपने स्तर पर हुई इस गंभीर नीतिगत विफलता के परिणामों को देख नहीं सकती है. क्या हमारे देश का युवा यही डिजर्व करता है?
'Technical' snags have led to over 50,000 students being unable to take the CUET exam.
Is this govt so aloof and insensitive to our students that it can’t see the repercussions of such a serious policy paralysis on its part?
Is this what the youth of our country deserves? pic.twitter.com/HKBECsMKkC— Priyanka Gandhi Vadra (@priyankagandhi) August 6, 2022
CUET Exam में आई दिक्कतों को लेकर इस आयोजित करने वाली इकाई नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने संज्ञान लिया है. एनटीए का कहना है कि सीयूईटी के कुछ सेंटर पर छात्रों को दिक्कत का सामना करना पड़ा. उसने पूरे हालात की समीक्षा की है. पाया गया है कि कुछ सेंटर तय प्रोटोकॉल को लागू करने में विफल रहे. इस तरह की अनदेखी और लापरवाही को बहुत गंभीरता से लिया जाता है. ऐसे सेंटर्स के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी, ताकि भविष्य में सामान्य तरीके से परीक्षाएं हो सकें.