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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले की प्राचीर से देश को 10वीं बार संबोधित किया. 90 मिनट के अपने संबोधन में पीएम मोदी ने 12 बार परिवारवाद, 11 बार भ्रष्टाचार और 8 बार तुष्टिकरण का जिक्र किया. पीएम मोदी ने जनता से तीनों बुराइयों से मुक्ति की अपील की.
पीएम मोदी इस बार भी खास पगड़ी में नजर आए. यह डार्क पीले रंग के साफे से बनी थी. इस पर मल्टी कलर लकीरें थीं. पीएम मोदी ने स्वतंत्रता दिवस पर 140 करोड़ जनता को परिवारजन कहकर संबोधित किया. पीएम मोदी ने 90 मिनट लंबे अपने संबोधन में सबसे ज्यादा बार परिवारजन, सामर्थ्य और महिलाएं जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया. पीएम ने मणिपुर मुद्दे का जिक्र करते हुए कहा कि पूरा देश मणिपुर के साथ खड़ा है. आगामी लोकसभा चुनाव से पहले, पीएम ने मध्यम वर्ग और महिलाओं के नेतृत्व वाले विकास पर जोर दिया.
पीएम मोदी ने 48 बार परिवारजन, 43 बार सामर्थ्य का इस्तेमाल किया. वहीं, महिलाएं/नारी शब्द का इस्तेमाल 35 बार किया. इसके अलावा पीएम मोदी ने अपने सबोधन में 19 बार संकल्प शब्द बोला. जबकि आजादी 16 बार. पीएम मोदी के भाषण में युवाओं का 12 बार जिक्र आया. जबकि 5 बार उन्होंने समाजिक न्याय की बात कही.
77वें स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले की प्राचीर से देश को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि रिफॉर्म, परफॉर्म और ट्रांसफॉर्म से देश बदल रहा है. प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को कहा कि भारत अगले पांच वर्षों में शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में से एक होगा. उन्होंने आगे कहा कि हम अब जो करेंगे, जो फैसला लेंगे, उसका असर आने वाले 1000 सालों पर पड़ेगा.
पीएम मोदी ने अपनी सरकार की उपलब्धियों का जिक्र कर कहा, सीरियल बम विस्फोट अतीत की बात हैं, नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में बदलाव आया. उन्होंने कहा, भारत में अवसरों की कोई कमी नहीं है और हमें भ्रष्टाचार, भाई-भतीजावाद, तुष्टिकरण की तीन बुराइयों से लड़ना होगा.
पीएम मोदी ने चौथा सबसे लंबा संबोधन दिया
साल | संबोधन (मिनट में) |
2023 | 90 |
2022 | 83 |
2021 | 88 |
2020 | 92 |
2019 | 92 |
2018 | 83 |
2017 | 56 (सबसे छोटा संबोधन) |
2016 | 94 (सबसे लंबा संबोधन) |
2015 | 86 |
2014 | 65 |