पश्चिम बंगाल में लगातार दूसरे दिन वंदे-भारत एक्सप्रेस पर पथराव हुआ है. मंगलवार को हावड़ा-न्यू जलपाईगुड़ी वंदे भारत ट्रेन को असामाजिक तत्वों ने निशाना बनाया. घटना तब हुई जब ट्रेन न्यू-जलपाईगुड़ी के यार्ड में जा रही थी.
पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे सीपीआरओ ने बताया कि 3 जनवरी को दोपहर करीब 1:30 बजे न्यू जलपाईगुड़ी की ओर जा रही वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन पर पथराव के मामले में रेलवे अधिनियम की धारा 154 के तहत अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई. इस पथराव में C3 और C6 कोचों के शीशे टूट गए थे.
जानकारी के मुताबिक मंगलवार को करीब 5.57 बजे जब वंदे भारत एक्सप्रेस (22302) मालदा टाउन रेलवे स्टेशन पहुंची तो जांच करने पर कोच नंबर सी-3 और सी-6 के शीशे पर पत्थरबाजी के निशान मिले.
पूर्वी रेलवे के सीपीआरओ ने बताया कि पथराव की घटना तब हुई जब वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन मालदा मंडल के कुमारगंज रेलवे स्टेशन से गुजर रही थी.
एएनआई के मुताबिक सीपीआरओ सब्यसाची डे ने कहा- घटना की जांच राज्य जीआरपी और राज्य पुलिस के साथ आरपीएफ द्वारा की जा रही है. पथराव की घटनाओं को रोकने के लिए आरपीएफ ने कुछ इलाकों में जागरूकता अभियान भी शुरू किया है.
2 जनवरी को मालदा में भी हुआ था पथराव
पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में सोमवार को वंदे भारत ट्रेन पर पथराव हुआ था. जानकारी के मुताबिक न्यू जलपाईगुड़ी से हावड़ा आने के दौरान मालदा स्टेशन के पास किसी ने ट्रेन पर पत्थरबाजी कर दी, जिसके कारण कोच सी-13 का दरवाजा क्षतिग्रस्त हो गया. घटना के बाद ट्रेन में अफरातफरी मच गई.
जानकारी के मुताबिक सोमवार को शाम 5:50 बजे टी.एन.22302 वंदे भारत एक्सप्रेस की ऑन ड्यूटी टी.ई पार्टी से सूचना मिली कि कोच नंबर-1 में पथराव हुआ है. इसके बाद ट्रेन को रेलवे पुलिस के चार कर्मचारियों को हथियार के साथ रवाना किया गया.
वहीं पश्चिम बंगाल में नेता प्रतिपक्ष और भाजपा बीजेपी शुभेंदु अधिकारी ने घटना को लेकर एनआईए जांच की मांग कर दी है. उन्होंने ट्वीट कर कहा- यह घटना दुर्भाग्यपूर्ण है. पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में भारत के गौरव वंदे भारत एक्सप्रेस पर पथराव हुआ. क्या यह उद्घाटन के दिन 'जय श्री राम' के नारों का बदला है? मैं पीएम नरेंद्र मोदी, भारतीय रेल से इस मामले में एनआईए को जांच सौंपने का आग्रह करता हूं.
वंदे भारत एक्सप्रेस में सवार रेल कर्मचारी आसिफ खान ने बताया- अभी यह पता नहीं चल पाया है कि अंधेरे में किसने और किस इरादे से यह पत्थरबाजी की. रेलवे अधिकारियों ने पूरी घटना की गहन जांच कराने के लिए कहा है. कुमारगंज में बाहर से पथराव किया गया था."
यात्री रिंतू घोष ने इंडिया टुडे को बताया- 'बाहर से लोगों ने पथराव किया. यह चौंकाने वाला था. पत्थर लगने से कांच टूट गया. यह घटना ट्रेन के मालदा स्टेशन पहुंचने से ठीक पहले हुई. शुक्र है कि पत्थर के टुकड़ों से किसी भी यात्री को चोट नहीं आई लेकिन हम सहमे हुए हैं.