पश्चिम बंगाल के न्यू जलपाईगुड़ी में मालगाड़ी और कंचनजंगा एक्सप्रेस की टक्कर में अब तक आठ लोगों की मौत हो गई है जबकि 25 लोग घायल बताए जा रहे हैं. मालगाड़ी ने कंचनजंगा एक्सप्रेस को पीछे से टक्कर मारी थी. अब पता चला है कि मालगाड़ी के चालक ने सिग्नल को पूरी तरह से नजरअंदाज किया था.
रेलवे बोर्ड की चेयरमैन जया वर्मा सिन्हा ने बताया कि आज कंचनजंगा ट्रेन का एक्सीडेंट हुआ है. मालगाड़ी के ड्राइवर ने यात्री ट्रेन को टक्कर मारी. शुरुआती जानकारी से पता चला है कि मालगाड़ी के चालक ने सिग्नल की अनदेखी की थी. इस वजह से पैसेंजर ट्रेन के सबसे पीछे का गार्ड का डिब्बा पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया और आगे दो पार्सल वैन के डिब्बे थे, जो क्षतिग्रस्त हुए.
उन्होंने बताया कि बचाव कार्य पूरा कर लिया गया है. मालगाड़ी के ड्राइवर (लोको पायलट) ने सिग्नल को पूरी तरह से नजरअंदाज किया था. इस दुर्घटना में मालगाड़ी के चालक और कंचनजंगा के गार्ड की भी मौत हुई है. अगरतला-सियालदाह रूट पर सभी रेलवे स्टेशनों पर हेल्प डेस्क बनाए गए हैं.
प्रथम दृष्टया मानवीय चूक का मामला
सिन्हा ने बताया कि प्रथम दृष्टया इस दुर्घटना में मानवीय चूक सामने आई है. लेकिन सही जानकारी जांच पूरी होने के बाद ही पता चलेगी. हमारी पूरी कोशिश है कि ट्रेन दुर्घटनाओं को रोका जा सके, इसके लिए कवच हमारी प्राथमिकता है. इसे मिशन मोड में बढ़ाया जा रहा है.
कैसी हुई दुर्घटना?
त्रिपुरा के अगरतला से कोलकाता के सियालदाह जा रही कंचनजंगा एक्सप्रेस को एक मालगाड़ी ने पीछे से टक्कर मार दी. ये घटना सोमवार सुबह 8.55 बजे हुई. न्यू जलपाईगुड़ी स्टेशन से लगभग सात किलोमीटर दूर रंगापानी स्टेशन के पास खड़ी कंचनजंगा एक्सप्रेस को मालगाड़ी ने सिग्नल की अनदेखी कर टक्कर मार दी. मालगाड़ी ने कंचनजंगा एक्सप्रेस को पीछे से टक्कर मारी. इस घटना में कुल आठ लोगों की मौत हुई है, जिसमें तीन रेलवे कर्मचारी जबकि पांच यात्री हैं. इस घटना में लगभग 50 लोग घायल हैं.
बता दें कि ये टक्कर सोमवार सुबह नौ बजे के आसपास उस समय हुई, जब 13174 कंचनजंगा एक्सप्रेस अगरतला से सियालदाह जा रही थी. इस टक्कर में कंचनजंगा एक्सप्रेस के दो डिब्बे डिरेल हो गए. हर तरफ चीख-पुकार मच गई. टक्कर लगने की वजह से ट्रेन की बोगियां पटरी से उतर गईं.