Cyber Fraud Helpline Number: गृह मंत्रालय (MHA) ने डिजिटल लेनदेन को और सुरक्षित बनाने के लिए एक साइबर फ्रॉड हेल्पलाइन नंबर शुरू किया है. अब से किसी भी ऑनलाइन धोखाधड़ी के शिकार होने पर आप हेल्पलाइन नंबर 155260 पर कॉल कर सकते हैं. यह प्लेटफॉर्म साइबर धोखाधड़ी में ठगे गए व्यक्तियों को उनके नुकसान को रोकने के लिए, ऐसे मामलों की रिपोर्ट करने का आसान तरीका है.
Union Home Ministry has operationalized the national helpline number-155260 and reporting platform for preventing financial loss due to cyber fraud: Ministry of Home Affairs (MHA)
— ANI (@ANI) June 17, 2021
हेल्पलाइन को इस साल 01 अप्रैल को सॉफ्ट लॉन्च किया गया था. हेल्पलाइन 155260 और इसके रिपोर्टिंग प्लेटफॉर्म को MHA के तहत भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (I4C) द्वारा भारतीय रिजर्व बैंक (RBI), सभी प्रमुख बैंकों, भुगतान बैंकों, वॉलेट और ऑनलाइन पोर्टल के समर्थन और सहयोग से चालू किया गया है.
गृह मंत्रालय ने कहा, "कानून प्रवर्तन एजेंसियों और बैंकों को रेगुलेट करने के लिए I4C द्वारा नागरिक वित्तीय साइबर धोखाधड़ी रिपोर्टिंग और प्रबंधन प्रणाली को विकसित किया गया है." अपने सॉफ्ट लॉन्च के बाद से, दो महीने की अवधि में हेल्पलाइन 155260 पर मदद से लोगों का लगभग 1.85 करोड़ रुपया बचाया गया है. दिल्ली और राजस्थान ने क्रमशः 58 लाख रुपये और 53 लाख रुपये फ्रॉड होने से बचाए हैं.
वर्तमान में, हेल्पलाइन और इसके रिपोर्टिंग प्लेटफॉर्म में सभी प्रमुख सार्वजनिक और प्राइवेट बैंक शामिल हैं. इसमें स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, पंजाब नेशनल बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा, बैंक ऑफ इंडिया, यूनियन बैंक, इंडसइंड, HDFC बैंक, ICICI बैंक, Axis, Yes और कोटक महिंद्रा बैंक शामिल हैं. इसमें सभी प्रमुख वॉलेट जैसे PayTM, PhonePe, Mobikwik, Flipkart और Amazon भी जुड़े हुए हैं.