केंद्र सरकार ने अनलॉक-4 की गाइडलाइन जारी कर दी है. इस गाइडलाइन के मद्देनजर अब राज्य सरकारें अपनी गाइडलाइन जारी कर रही हैं. हिमाचल प्रदेश ने अंतरराज्यीय परिवहन सेवा पर रोक को जारी रखा है. हालांकि, दो राज्यों के बीच टैक्सी सेवा को इजाजत दी गई है. साथ ही बाहर से आने वाले लोगों के लिए कोविड रजिस्ट्रेशन अनिवार्य है.
हिमाचल प्रदेश सरकार की ओर से जारी अनलॉक-4 की गाइडलाइन के मुताबिक, 21 सितंबर के बाद 50 फीसदी स्कूल टीचर हर अल्टरनेट दिन पर स्कूल आ सकते हैं. साथ ही शादी और अंतिम संस्कार में 100 लोगों के शामिल होने की इजाजत दी गई है. मंदिरों में एसओपी का पालन करना अनिवार्य है.
क्या है केंद्र सरकार की गाइडलाइन
गृह मंत्रालय ने बीते शनिवार को अनलॉक-4 की गाइडलाइंस जारी की थी. अनलॉक-4 में मेट्रो सेवा बहाल करने की इजाजत दे दी गई है, यानी सात सितंबर से आप मेट्रो की सवारी कर सकेंगे. हालांकि, रेड जोन में मेट्रो स्टेशन बंद रहेंगे. कंटेनमेंट जोन के आसपास के इलाकों में ज्यादा छूट दी जाएगी.
गाइडलाइन के अनुसार, व्यक्तियों और वस्तुओं के एक ही राज्य और एक राज्य से दूसरे राज्य आने जाने पर कोई प्रतिबंध नहीं होगा. इस तरह की आवाजाही के लिए कोई अलग से अनुमति या अनुमोदन या ई-परमिट की आवश्यकता नहीं होगी. बिना केंद्र सरकार के पूर्व परामर्श राज्य/केंद्रशासित प्रदेश सरकारें स्थानीय लॉकडाउन नहीं लगाएंगी.
कोरोना के लिए राष्ट्रीय निर्देशों के पालन पर जोर देते हुए गृह मंत्रालय ने कहा था कि कोविड-19 प्रबंधन के लिए राष्ट्रीय निर्देशों का पूरे देश में पालन किया जाएगा, जिसमें सामाजिक दूरी सुनिश्चित करना शामिल है.दुकानों को ग्राहकों के बीच पर्याप्त शारीरिक दूरी बनाए रखने की आवश्यकता होगी.
गृह मंत्रालय ने संवेदनशील व्यक्तियों (65 वर्ष से अधिक आयु के लोग, किसी बीमारी से ग्रसित लोग, गर्भवती महिलाएं और 10 वर्ष से कम उम्र के बच्चे) को अगर आवश्यक कार्य नहीं है तो घर पर ही रहने की सलाह दी है.
क्या है महाराष्ट्र सरकार की गाइडलाइन
महाराष्ट्र सरकार ने सोमवार को अनलॉक 4 की गाइडलाइंस जारी की थी. इसके मुताबिक, महाराष्ट्र में निजी दफ्तर 30 फीसदी स्टाफ के साथ शुरू किए जा सकेंगे. महाराष्ट्र में होटलों को 100 फीसदी क्षमता के साथ खोलने की अनुमति दे गई है. हालांकि सरकार ने इसके लिए एसओपी का कड़ाई से पालन करना अनिवार्य बना दिया है.
प्रदेश के अंदर जिलों में आवागमन के लिए अब ई-पास की जरूरत नहीं होगी. जहां तक हो सके वर्क फ्रॉम होम (घर से काम) को प्राथमिकता दी जाएगी. दफ्तर, कार्यस्थल, दुकान, बाजार और औद्योगिक व व्यावसायिक गतिविधियों के लिए काम के घंटे तय होंगे. जो भी सार्वजनिक स्थल होंगे वहां थर्मल स्क्रीनिंग, हैंड वॉश और सैनिटाइजर का इस्तेमाल जरूरी होगा.
उद्धव सरकार द्वारा जारी की गई नई गाइडलाइंस के मुताबिक शादी-विवाह में फिलहाल 50 से ज्यादा लोग इकट्ठा नहीं हो सकते. अंतिम संस्कार के दौरान अधिकतम 20 लोग एकजुट होंगे. सार्वजनिक जगहों पर थूकना दंडनीय माना जाएगा. संबंधित अधिकारी इसके लिए जुर्माना भी लगा सकते हैं. सार्वजनिक जगहों पर शराब पीना, पान-गुटखा आदि खाना प्रतिबंधित होगा.
उत्तर प्रदेश में क्या खुलेगा और क्या बंद रहेगा
उत्तर प्रदेश सरकार की गाइडलाइंस के मुताबिक, 21 सितंबर से स्कूलों में स्टाफ को ऑनलाइन शिक्षा परामर्श से जुड़े कार्यों के लिए बुलाया जा सकता है. 21 सितंबर से कंटेनमेंट जोन में पड़ने वाले कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थियों को स्कूलों में अपनी मर्जी से जाने की अनुमति होगी. इसके लिए उन्हें अभिभावकों की लिखित सहमति की आवश्यकता होगी.
7 सितंबर 2020 से मेट्रो रेल को चरणबद्ध तरीके से चलाया जाएगा. इसके लिए SOP अलग से जारी की जाएगी. प्रदेश में 21 सितंबर से सभी सामाजिक, एकेडमिक, खेल, मनोरंजन, सांस्कृतिक, धार्मिक, राजनीतिक कार्यक्रमों और अन्य सामूहिक गतिविधियों को अधिकतम 100 लोगों के साथ शुरू करने की अनुमति होगी.
यूपी में सभी सिनेमाघर, स्विमिंग पूल, मनोरंजन पार्क, थिएटर और इस तरह के सभी सभागार बंद रहेंगे. ओपन एयर थिएटर को 21 सितंबर से शुरू करने की अनुमति होगी. प्रदेश सरकार शनिवार-रविवार को जारी लॉकडाउन की प्रक्रिया को पहले की तरह ही चालू रखने पर विचार कर रही है. इसके लिए यूपी सरकार केंद्र से अनुमति लेगी.