अहमदाबाद में एक सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा हुआ है. ऊंची आवाज में टेप बजाने और घर के पास पानी डालने जैसी छोटी-छोटी बातों को लेकर दो पड़ोसियों के बीच लंबे समय से चल रही तकरार ने भयानक रूप ले लिया. इस विवाद को सुलझाने के बहाने बुलाकर 5 लोगों ने मिलकर एक युवक की हत्या कर दी और उसके शव को खेत में दफना दिया. पुलिस ने इस मामले को सुलझाते हुए हत्या में शामिल आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.
अहमदाबाद के चांदलोडिया इलाके में स्थित रणछोड़नगर में कमलेश तिवारी अपनी पत्नी प्रतिमा और बच्चों के साथ रहते थे. उनके पड़ोस में महावीर शाह अपनी पत्नी जागृति के साथ रहते थे. दोनों पड़ोसियों के बीच पिछले कुछ समय से ऊंची आवाज में टेप बजाने और घर के पास पानी डालने जैसी बातों को लेकर तनातनी चल रही थी. इसी बीच, 18 फरवरी को कमलेश तिवारी काम के सिलसिले में घर से बाहर गए, लेकिन उसके बाद वे लौटे नहीं.
कमलेश की पत्नी प्रतिमा ने इसकी शिकायत सोला पुलिस थाने में दर्ज कराई. प्रतिमा ने पुलिस को अपने पड़ोसी महावीर शाह के साथ चल रही तकरार के बारे में भी बताया. इसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की.
इस हत्याकांड के बारे में जानकारी देते हुए एसीपी जयेश ब्रह्मभट्ट ने कहा, "मृतक कमलेश तिवारी की पत्नी की शिकायत के आधार पर हमने महावीर शाह और उनकी पत्नी जागृति से पूछताछ की. इसके बाद उनके मोबाइल फोन के डेटा खंगाला गया. महावीर की आखिरी फोन पर बात ऋषभ साबरिया से हुई थी, जो मृतक कमलेश का दोस्त भी था. पुलिस ने ऋषभ से पूछताछ शुरू की, जिसके बाद चौंकाने वाली सच्चाई सामने आई. ऋषभ ने बताया कि उसने ही कमलेश को महावीर शाह के साथ सुलह के लिए बुलाया था."
एसीपी ने आगे बताया, "कमलेश के वहां पहुंचने पर ऋषभ और सुनील ठाकोर उसे अतुल पटेल के खेत में ले गए. उसी खेत में महावीर अपनी पत्नी जागृति के साथ पहुंचा. इसके बाद महावीर और अतुल ने खेत में रहने वाले गमनाराम को बुलाया. फिर कमलेश को पेड़ से बांधकर लकड़ी से बेरहमी से पीटा गया. इस मारपीट में कमलेश की मौके पर ही मौत हो गई. हत्या को छिपाने के लिए महावीर ने 20 किलो नमक लाकर शव को सभी आरोपियों के साथ मिलकर उसी खेत में दफना दिया." पुलिस के सामने यह हकीकत सामने आने के बाद कमलेश के शव को खेत से निकालकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया.
ऋषभ मृतक कमलेश और महावीर दोनों का दोस्त था. दोनों के बीच तकरार को खत्म करने के लिए उसने ही सुलह के बहाने दोनों को बुलाया था. इस दौरान सुनील भी मौजूद था. लेकिन जब महावीर ने अपनी पत्नी जागृति, अतुल और गमनाराम के साथ मिलकर कमलेश की पिटाई की और उसकी मौत हो गई, तो ऋषभ और सुनील वहां से भाग गए. दोनों ने हत्या की बात छिपाई.
फिलहाल, अहमदाबाद की सोला पुलिस ने कमलेश तिवारी की हत्या और शव को खेत में दफनाने के मामले में महावीर शाह, जागृति शाह, अतुल पटेल, ऋषभ साबरिया और सुनील ठाकोर को गिरफ्तार कर लिया है और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है.