महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी की तरफ से इस्तीफा देने की बात कही गई है. उनकी तरफ से सोशल मीडिया पर एक ट्वीट कर कहा गया था कि वे अपने पद से मुक्त होना चाहते हैं. उनकी तरफ से ये इच्छा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने भी रख दी गई है. अब उनका यूं इस्तीफा देने की बात करना राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज कर गया है. अब उस हलचल के बीच उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हरीश रावत ने सवाल उठा दिए हैं. उन्हें इस इस्तीफे की पेशकश में एक संयोग दिख रहा है.
हरीश रावत को क्या संयोग दिखा?
हरीश रावत ने ट्वीट कर लिखा है कि कितना विचित्र मगर दिलचस्प संयोग है अभी लगभग डेढ़ वर्ष पहले रमेश पोखरियाल निशंक ने भी ऐसे ही स्वास्थ्य कारण बताकर केंद्रीय मंत्री के पद से इस्तीफा दिया था. अब एक और उत्तराखंड के यशस्वी पुत्र महाराष्ट्र के माननीय गवर्नर स्वास्थ्य खराब होने की बात कर रहे हैं. क्या महाराष्ट्र भी ऐसा ही कर रहा है. अब कहने को हरीश रावत ने स्वास्थ्य का जिक्र किया है, लेकिन उनके मुताबिक पहले पोखरियाल के इस्तीफे के पीछे भी राजनीति थी और अब कोश्यारी के इस्तीफे के पेशकश के पीछे भी राजनीति है.
कोश्यारी ने क्या कहा था?
जानकारी के लिए बता दें कि महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने सोमवार को इस्तीफा देने की बात कही थी. उन्होंने अपनी चिट्ठी में लिखा था कि मुझे महाराष्ट्र के राज्यपाल के तौर पर सेवा करने का का मौका मिला. उस महाराष्ट्र का जो संतों, सामाजिक कार्यकर्ताओं की भूमि है. पिछले तीन सालों में मुझे महाराष्ट्र की जनता से जो प्यार मिला है, मैं वो कभी नहीं भूल सकता हूं. कोश्यारी ने इस बात की भी जानकारी दी कि वे अपनी इन इच्छाओं के बारे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बात कर चुके हैं. जब पीएम मोदी मुंबई दौरे पर आए थे, उनकी तरफ से साफ कहा गया था कि वे राजनीतिक जिम्मेदारियों से मुक्त होना चाहते हैं.