कांग्रेस की भारत जोड़ो यात्रा को बुधवार को सात दिन पूरे हो गए. 7 सितंबर को कन्याकुमारी से शुरू हुई यह यात्रा बुधवार सुबह केरल के कोल्लम जिले में पहुंची. यहां राहुल गांधी सुबह शिवगिरी मठ में श्रीनारायण गुरु की समाधि पर श्रद्धा सुमन अर्पित किए. वायनाड सांसद राहुल गांधी की यात्रा चथन्नूर, कोल्लम पहुंचने से पहले नवाइकुलम में थी. यहां उन्होंने शिवगिरी मठ में संतों से मुलाकात की थी. अब आगे की यात्रा शुरू करने से पहले एक दिन का ब्रेक लिया गया है.
महंगाई के खिलाफ आवाज उठाता रहूंगा
नवाइकुलम से चथान्नूर तक पदयात्रा के पहले चरण के दौरान राहुल गांधी ने ऑटोरिक्शा चालकों से बातचीत की. उन्होंने अपनी इसका वीडियो ट्विटर पर शेयर किया है. इसमें वह कह रहे हैं,'जो पहले एक दिन में 500 रुपये कमाते थे, अब वे 300 रुपये कमा रहे हैं. इस कमरतोड़ महंगाई में बच्चों को पढ़ाना और परिवार चलाना मुश्किल होता जा रहा है. इन कठिन परिस्थितियों में मैं अपने ऑटो चालक भाइयों के साथ खड़ा हूं और महंगाई के खिलाफ आवाज उठाता रहूंगा.
इस दौरान ड्राइवरों ने राहुल गांधी को बताया कि ईंधन की कीमतें एक साल में 60 रुपये से बढ़कर 100 रुपये तक पहुंचने से किसी तरह की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है. ऑटो चालकों ने कहा कि वे कठिन समय का सामना कर रहे हैं, उनका भविष्य असुरक्षित लग रहा है.
राहुल गांधी ने जब उसने पूछा कि क्या वे अपने बच्चों को आसानी से पढ़ा पा रहे हैं? तो ड्राइवरों ने जवाब दिया कि यह काम अब उन्हें असंभव लग रहा है. कांग्रेस अपनी भारत जोड़ो यात्रा के जरिए महंगाई, बेरोजगारी और सांप्रदायिक सद्भाव के मुद्दों को प्रमुखता से उठा रही है.
राहुल गांधी जब चथान्नूर पहुंचे तो यहां उन्होंने स्कूली छात्रों से बातचीत की. इसके बाद में उनकी यात्रा थिरुमुक्कू जंक्शन से होते हुए कोल्लम रवाना हो गई.
यात्रा में बच्चों का इस्तेमाल कर रही कांग्रेस
राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग से शिकायत कर आरोप लगाया है कि राहुल गांधी, कांग्रेस और उनका 'जवाहर बाल मंच' नाम का विभाग बच्चों का राजनीतिक तौर पर इस्तेमाल कर रहा है. उन्हें राजनीतिक गतिविधियों में शामिल होने के लिए कह रहा है. 12 सितंबर को एनसीपीसीआर को कांग्रेस की भारत जोड़ो यात्रा में बच्चों के शामिल होने की शिकायत की गई थी.
शिकायत में कहा गया है कि सोशल मीडिया पर कई परेशान करने वाली तस्वीरें और वीडियो प्रसारित हो रहे हैं, जिसमें यह देखा जा सकता है कि बच्चों को निशाना इस्तेमाल किया जा रहा है और राजनीतिक एजेंडा के तहत बच्चों को भारत जोड़ो यात्रा अभियान में शामिल किया जा रहा है. अभियान में भाग लेने वाले बच्चों को कांग्रेस के झंडे पकड़े और राजनीतिक नारे लगाते हुए देखा गया.
कांग्रेस को मजबूत करना मकसद: जयराम रमेश
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने यात्रा के छठे दिन कहा था कि विपक्षी एकता तभी संभव है जब कांग्रेस मजबूत हो. विपक्षी एकता का मतलब यह नहीं कि कांग्रेस कमजोर हो. हमारे घटक दलों को यह समझना चाहिए.
यह यात्रा विपक्ष को जोड़ने के लिए नहीं, बल्कि कांग्रेस को मजबूत करने के लिए है. विपक्ष इससे जुड़े तो अच्छा है, अब हाथी (कांग्रेस) चल रहा है, हाथी जग गया है. अब सभी लोगों के बयान आएंगे. बीजेपी से बयान आएंगे हमारे सहयोगी दलों से बयान आएंगे. उन्होंने कहा कि बीजेपी ध्रुवीकरण और नफरत की राजनीति करती है.
150 दिन में पैदल चलना है 3570 किमी.
150 दिनों तक चलने वाली भारत जोड़ो यात्रा 7 सितंबर को कन्याकुमारी से शुरू हुई थी. यह यात्रा 3,570 किलोमीटर की दूरी तय कर कश्मीर में खत्म होगी. इस दौरान यह यात्रा 12 राज्यों और दो केंद्र शासित प्रदेशों से गुजरेगी.
राहुल गांधी समेत करीब 120 यात्री पूरी दूरी पैदल तय करेंगे. जयराम नरेश ने 13 सितंबर को बताया था कि राहुल गांधी चाहते हैं कि इस पदयात्रा के दौरान प्रतिदिन 25 किलोमीटर का सफर तय किया जाए.