किसान आंदोलन को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को राज्यसभा में विपक्ष पर निशाना साधा. पीएम मोदी ने कहा कि हमने बुद्धिजीवी सुना था, लेकिन कुछ लोग आंदोलनजीवी हो गए हैं, देश में कुछ भी हो वो वहां पहुंच जाते हैं, कभी पर्दे के पीछे और कभी फ्रंट पर, ऐसे लोगों को पहचानकर हमें इनसे बचना होगा.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि ये (आंदोलनजीवी) लोग खुद आंदोलन नहीं चला सकते हैं, लेकिन किसी का आंदोलन चल रहा हो तो वहां पहुंच जाते हैं. ये आंदोलनजीवी ही परजीवी हैं, जो हर जगह मिलते हैं.
वहीं, अंतराराष्ट्रीय साजिश की बात करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि एक नया FDI मैदान में आया है, जो Foreign destructive ideology (फॉरेन डिस्ट्रक्टिव आइडियोलॉजी) से देश को बचाने की जरूरत है. पीएम मोदी ने कहा कि आत्मनिर्भर भारत किसी सरकार नहीं बल्कि देश का आंदोलन है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि कुछ लोग हैं जो भारत को अस्थिर करना चाहते हैं, ऐसे में हमें सतर्क रहना चाहिए. पंजाब का बंटवारा हुआ, 1984 के दंगे हुए, कश्मीर और नॉर्थ ईस्ट में भी ऐसा ही हुआ, इससे देश को बहुत नुकसान हुआ है. पीएम मोदी ने कहा कि कुछ लोग सिख भाइयों के दिमाग में गलत चीजें भरने में लगे हैं, ये देश हर सिख पर गर्व करता है.
पीएम मोदी ने कहा कि मैंने पंजाब की रोटी खाई है, सिख गुरुओं की परंपरा को हम मानते हैं. उनके लिए जो भाषा बोली जाती है, उससे देश का भला नहीं होगा. साथ ही पीएम मोदी ने विपक्ष से अपील करते हुए कहा कि आंदोलनकारियों को समझाते हुए हमें आगे बढ़ना होगा, गालियों को मेरे खाते में जाने दो लेकिन सुधारों को होने दो.
पीएम नरेंद्र मोदी ने किसानों को भरोसा दिलाया कि MSP है, था और रहेगा. मंडियों को मजबूत किया जा रहा है. जिन 80 करोड़ लोगों को सस्तों में राशन दिया जाता है, वो भी जारी रहेगा. किसानों की आय बढ़ाने के लिए दूसरे उपाय पर बल दिया जा रहा है. पीएम मोदी ने कहा कि अगर अब देर कर देंगे, तो किसानों को अंधकार की तरफ धकेल देंगे.