पंजाब में इस समय राज्यपाल बनाम सरकार की तकरार बढ़ती जा रही है. टीचरों को सिंगापुर भेजने वाले विवाद की वजह से राज्यपाल और सरकार के बीच बयानबाजी का दौर जारी है. इसी कड़ी में एक और चिट्ठी लिख भगवंत मान ने राज्यपाल से उनकी योग्यता जानने का प्रयास किया है. उन्होंने कहा है कि आखिर किस योग्यता के आधार पर कोई राज्यपाल नियुक्त किया जाता है.
सीएम मान का राज्यपाल से सीधा सवाल
सीएम भगवंत मान ने कहा कि पहले राज्यपाल महोदय ही बताएं कि अभी तक ये नहीं पता आख़िर राज्यपाल की नियुक्ति किस योग्यता के आधार पर की जाती है. राज्यपाल ही इस सवाल का जवाब दे दें. अब सीएम की तरफ से ये चिट्ठी तब लिखी गई है जब राज्यपाल बनवारी लाल पुरोहित ने सोमवार को पंजाब सरकार से जानना चाहा था कि आखिर क्यों टीचरों को ट्रेनिंग के लिए विदेश भेजा गया था. राज्यपाल ने इस मामले में सरकार से 15 दिन में जवाब मांगा था. ये भी कहा गया था कि अगर समय रहते जवाब नहीं दिया गया तो मसले पर कानूनी सलाह ली जाएगी. राज्यपाल की उस चिट्ठी पर सीएम भगवंत मान ने तीखी प्रतिक्रिया दी थी. उनकी तरफ से दो टूक कहा गया था कि वे पंजाब की जनता के प्रति जवाबदेह हैं, राज्यपाल के प्रति नहीं.
मान ने किसे बताया सेलेक्टेड?
इसके अलावा पंजाब विधानसभा में भी मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बिना राज्यपाल का नाम लिए उन पर निशाना साधा था. उन्होंने जोर देकर कहा था कि 'सेलेक्टेड' लोग 'इलेक्टेड' सरकार के कामकाज में टांग ना अड़ाएं. उन्होंने यहां तक कह दिया था कि 'सेलेक्टेड' लोग कानूनी धमकियां देने का काम ना करें. अब इस समय आम आदमी पार्टी की दो राज्यों में सरकार है. दिल्ली में अगर एलजी वीके सक्सेना के साथ सरकार की तकरार चल रही है तो अब पंजाब में भगवंत मान और राज्यपाल पुरोहित के बीच भी रिश्ते तल्ख हो गए हैं.