नवजोत सिंह सिद्धू पंजाब कांग्रेस की राजनीति में फिर ताल ठोंककर साफतौर पर मैदान में उतरते नजर आ रहे हैं. ऐसा लग रहा है कि अब वो चुनौती देने की मुद्रा में आ गए हैं. सिद्धू ने क्रिकेटर से लेकर जिस तरह एक मंझे हुए नेता का सफर तय किया है, वैसा आमतौर पर क्रिकेटरों के साथ देखने को नहीं मिलता. पहले उन्होंने अगर एक क्रिकेटर के तौर पर डंका बजा दिया तो फिर कमेंटेटर के तौर पर एक एकदम अलग शैली ही विकसित की. फिर बोलने की कला और मौके की नजाकत को भांपने की उनकी कला उन्हें राजनीति के ऐसे मैदान में ले आई, जहां वो खालिस नेता ही लगते हैं. इंटरटेनर भी वो कमाल के रहे हैं. यानि अपनी अभी तक की जिंदगी में उन्होंने एक नहीं बल्कि चार जिंदगियां जी हैं. कई बार वो बड़बोले लगते हैं, उनकी जुबान फिसलती है. वो आलोचकों के निशाने पर आ जाते हैं.