जोधपुर के महात्मा गांधी अस्पताल में मसूरिया स्थित एक फैक्ट्री में काम करने वाले मजदूर दिनेश का हाथ लिफ्ट में आने से कट गया. महात्मा गांधी हॉस्पिटल के डॉक्टर रजनीश गालवा की टीम ने ऑपरेशन कर हाथ को जोड़ दिया. (जोधपुर से अशोक शर्मा की रिपोर्ट)
सोमवार सुबह मजदूर दिनेश को महात्मा गांधी हॉस्पिटल के आपातकालीन वार्ड में लाया गया जहां पर प्राथमिक उपचार के बाद तुरंत सीनियर डॉक्टर्स की टीम को बुलाया गया. वहां पर सीनियर डॉक्टरों की टीम ने देखने के बाद तुरंत सर्जरी की सलाह दी.
प्लास्टिक सर्जन डॉक्टर रजनीश गलवा उस दौरान किसी अन्य ऑपरेशन में व्यस्त थे तब उन्हें सूचना दी गई कि एक मजदूर का हाथ कट गया है, तुरंत ऑपरेशन की जरूरत है. तब तक मजदूर दिनेश को ऑपरेशन थिएटर में लेकर ऑपरेट करना शुरू कर दिया.
शुरुआत में मजदूर की सीटी एंजियो एक्स -रे, ब्लड टेस्ट और कोरोना टेस्ट कराया गया, मरीज की सभी जांचें सामान्य पाई गईं. मरीज को 24 घंटे डॉक्टर ने अपने ऑब्जर्वेशन में रखा. लिफ्ट में हाथ आने से मरीज का हाथ कटा और हड्डियों में फ्रैक्चर होकर हाथ अलग ही हो गया. ऐसे में पहले वायर से हड्डियों को जोड़कर फिर मरीज के हाथ में खून की नसें और मसल्स व टंडन को जोड़ा गया जिससे की अंगुलियों और अंगूठे में मूवमेंट आ सके. फिर मरीज का ऑन टेबल सेचुरेशन और ब्लड प्रवाह जांचा तो सामान्य आ रहा था.
सर्जन डॉक्टर रजनीश गालवा ने बताया कि 21 दिन बाद वायर को रिमूव कर फिजियोथेरेपी के लिए कहा जाएगा जिससे कि भविष्य में आसानी से हाथ मूवमेंट कर सकें. इस सफल ऑपरेशन पर महात्मा गांधी हॉस्पिटल अधीक्षक डॉक्टर राजश्री बेहरा व मेडिकल कॉलेज प्रिंसिपल डॉक्टर जी एल मीणा ने पूरी टीम को बधाई दी. डॉक्टर गालवा की टीम में डॉक्टर जयपाल, डॉक्टर ओम प्रकाश सोनल, डॉक्टर विकास शर्मा, डॉक्टर एसएस भाटी, डॉक्टर तनवीर सहित नर्सिंग कर्मियों ने सहयोग दिया.